19सीटीके29...रोहतक की अनाज मंडी में रखे गेहूं। संवाद
रोहतक। अनाज मंडियों में खरीद शुरू होने से पहले ही आढ़तियों को तिरपाल की व्यवस्था करने के आदेश दिए गए थे, जो केवल कागजी साबित हुए। आदेश देने के 20 दिन बाद भी आढ़ती प्रर्याप्त मात्रा में तिरपाल का इंतजाम करने में असमर्थ हैं। इसके कारण अनाज मंडियों में रखा लाखों क्विंटल गेहूं बारिश की भेंट चढ़ रहा है। इसके कारण खरीद व उठान प्रभावित हो रही है। मार्केट कमेटी व खरीद एजेंसियों के अधिकारियों की ओर से इस पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा। इसके कारण किसानों को बार-बार परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
जिले की अनाज मंडियों में शनिवार को 237134 क्विंटल गेहूं की आवक हुई। इसमें से 180727 क्विंटल की खरीद व 100290 क्विंटल की उठान की गई। वहीं 1073042 क्विंटल गेहूं मंडियों से उठान का इंतजार कर रहा है। जिले में सोमवार को 2457 क्विंटल सरसों की आवक हुई। इसमें से 234 क्विंटल सरसों की खरीद की गई व अब तक 226015 क्विंटल सरसों की उठान की गई
11 व 18 अप्रैल को हुई बारिश के कारण जिले की अनाज मंडियों में रखा लाखों क्विंटल गेहूं भीग गया। इसके कारण गेहूं में नमी की मात्रा बढ़ जाने से खरीद प्रभावित हो रही है। इसके कारण परेशानी का सामना करना पड़ा है।
अनाज मंडियों में 30 प्रतिशत हुई उठान
जिले की अनाज मंडियों में गेहूं की खरीद शुरू हुए 20 दिन बीत गए हैं। मंडियों में अभी तक लाखों क्विंटल गेहूं पहुंच चुका है, लेकिन उठान प्रकिया तेज नहीं होने के कारण अभी तक केवल 30 प्रतिशत गेहूं का उठान किया जा सका है। इसके कारण मंडियां अटी पड़ी है।
बारिश से गेहूं को बचाने के लिए आढ़तियों को तिरपाल का प्रर्याप्त इंतजाम करने के लिए कहा गया है। अगर बारिश में गेहूं भीगने से गुणवत्ता प्रभावित होती है तो इसकी जिम्मेदारियां आढ़तियों की होगी। किसानाें को किसी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी।
- विरेंद्र सिंह, डीएफएससी।
19सीटीके29...रोहतक की अनाज मंडी में रखे गेहूं। संवाद