एमडीयू एक बार फिर चर्चा में है। इस बार मामला देश के सौ श्रेष्ठ विश्वविद्यालयों की सूची में एमडीयू का नाम शामिल होने का है। मानव संसाधन विकास मंत्रालय की ओर से आयोजित नेशनल इंस्टीट्यूशन रैंकिंग फ्रेमवर्क (एनआरआईएफ) रैकिंग 2020 में एमडीयू को 76वां स्थान मिला है। यही नहीं प्रदेश में विवि पहले स्थान पर है।
केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने वेबकास्ट के जरिए एनआईआरएफ रैंकिंग 2020 जारी की। इस रैंकिंग में भारत के श्रेष्ठ विश्वविद्यालयों की सूची में एमडीयू 41.95 ओवरऑल स्कोर के साथ 76वां रैंक प्राप्त किया। हरियाणा के विश्वविद्यालयों में एनआईआरएफ रैकिंग में एमडीयू अव्वल रहा। इस सूची में महर्षि मारकंडेश्वर विवि अंबाला 93वें रैंक पर, गुरु जंभेश्वर यूनिवर्सिटी ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी हिसार 94वें रैंक व कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय कुरुक्षेत्र 99वें रैंक पर है।
पिछले साल था 90वां रैंक, इस साल 14 रैंक का उछाल
एनआईआरएफ की वर्ष 2019 रैंकिंग में एमडीयू 90वें स्थान पर था। इस वर्ष इस रैंक में 14 पायदान उछाल के साथ एमडीयू 76वें रैंक पर आ खड़ा हुआ है।
टीचिंग, लर्निंग, रिसर्च से मिला 76वां रैंक
एनआईआरएफ रैंकिंग के तहत टीचिंग, लर्निंग ऐंड रिसोर्सेज, रिसर्च ऐंड प्रोफेशनल प्रेक्टिस, स्नातक आउटकम्स, आउटरिच ऐंड इनक्लूसीविटी व पीयर परसेप्शन मापदंडों पर विश्वविद्यालयों को आंका जाता है। इन सभी मापदंड के आधार पर एमडीयू का ओवरऑल स्कोर 41.95 मिला है। यह हरियाणा के सभी विश्वविद्यालयों में सर्वाधिक है।
पिछले वर्ष एमडीयू को नेक से मिली ए प्लस ग्रेड
एमडीयू की उपलब्धियों में लगातार वृद्धि हो रही है। इस वर्ष प्रदेश में पहला व देश में 76वां रैंक हासिल करने वाले एमडीयू को पिछले वर्ष नेक से ए प्लस ग्रेड हासिल हो चुकी है। यह विवि की महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
विश्वविद्यालय को एनआरआईएफ रैकिंग 2020 में 41.95 ओवरऑल स्कोर मिला है। इसके साथ विवि देश में 76वां व प्रदेश में पहला स्थान मिला है। इस उपलब्धि के लिए पूरे विवि परिवार को श्रेय जाता है। विश्वविद्यालय के सभी वर्गों के सामूहिक निरंतर प्रयासों से विवि विकास यात्रा की नई मंजिलें तय कर रहा है। विश्वविद्यालय ने कोरोना काल में भी डिजिटल टीचिंग-लर्निंग व डिजिटल गवर्नेंस के नए क्षितिज तय किए हैं। एमडीयू को शैक्षणिक उत्कृष्टता की नई ऊंचाईयों पर ले जाने के लिए भविष्योन्मुखी ब्लू प्रिंट (कार्य योजना) तैयार की जा रही है।
- प्रो. राजबीर सिंह, कुलपति, एमडीयू।