रोहतक। पानी की भंडारण क्षमता बढ़ाने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग अब अमरुत योजना के तहत बड़ा जलाशय बनाएगा। इसके लिए मंगलवार को जनस्वास्थ्य विभाग की टीम ने नगर निगम के पटवारी के साथ तीन स्थानों पर जमीन का निरीक्षण किया। बुधवार को अधीक्षण अभियंता के साथ टीम मंथन करके चिह्नित स्थान पर अंतिम फैसला करेगी।
शहर की पेयजल आपूर्ति व्यवस्था बीएसबी (भालौठ सब ब्रांच) और जेएलएन (जवाहर लाल नेहरू) नहरों में रोस्टर से आने वाले पानी पर आधारित है। इसकी वजह से शहरवासियों को पेयजल समस्या से जूझना पड़ता है। इस समस्या का निदान करने के लिए जनस्वास्थ्य विभाग अमरुत योजना के तहत भंडारण क्षमता बढ़ाएगा। इसके तहत मानसरोवर पार्क स्थित जलघर-एक में 8.80 करोड़ लीटर क्षमता का जलाशय बनाने का फैसला किया गया है। एक और अतिरिक्त जलाशय बनाने के लिए विभागीय अधिकारियों ने नगर निगम से जमीन की मांग की है। इसके तहत मंगलवार को जनस्वास्थ्य विभाग के एसडीओ अनिल रोहिल्ला, जूनियर इंजीनियर अमित रोहिल्ला और जूनियर इंजीनियर देवेंद्र ने मेयर मनमोहन गोयल के साथ बैठक की। इसके बाद निगम के भू विभाग के पटवारी ने जनस्वास्थ्य विभाग की टीम को जलाशय बनाने के लिए गढ़ी बोहर में 24 एकड़, सुनारिया जेल के पीछे 27 एकड़ और सुनारिया कलां में 27 एकड़ जमीन दिखाई। इंजीनियरों की टीम ने जमीन का नक्शा बनाकर अपनी प्लानिंग के हिसाब से देखा।
एसडीओ अनिल रोहिल्ला ने बताया कि नगर निगम के पटवारी ने तीन स्थानों पर जमीन दिखाई है। बुधवार को अधीक्षण अभियंता के साथ बैठक करके अंतिम फैसला किया जाएगा।