कांग्रेस कार्यकर्ता हिमानी हत्याकांड में न्याय दिलाने की मांग को लेकर परिजन शुक्रवार को पुलिस अधीक्षक से मिले। उन्होंने कहा कि हिमानी के हत्यारोपी सचिन को फिर से रिमांड पर लिया जाए और उससे हत्या के पीछे की असल कहानी उगलवाई जाए।
साथ ही, उनकी बेटी के हत्यारोपियों को सजा जल्द दिलाने के लिए फास्टट्रैक कोर्ट में सुनवाई कराई जाए, जिससे जल्द दूध का दूध और पानी का पानी हो सके। वहीं, एसपी ने आश्वासन दिया कि हिमानी केस को लेकर एक-एक कदम सावधानी से बढ़ाया जा रहा है, जिससे असलियत का पता लगाया जा सके।
कांग्रेस की कार्यकर्ता हिमानी नरवाल की हत्या के 20 दिन बाद मां सविता देवी, भाई जतिन और नाना धर्मवीर एसपी नरेंद्र बिजारणिया से मिले। उन्होंने एसपी से कहा कि उनकी बेटी की हत्या के 20 दिन गुजर गए हैं, लेकिन हत्या की असल गुत्थी नहीं सुलझी है। उन्होंने कहा कि हिमानी की हत्या के पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं और असल कारण क्या था। एसपी ने हिमानी के परिजन को आश्वासन दिया कि एसआईटी समेत दो टीमें इस प्रकरण की जांच कर रही हैं। यदि जरूरत पड़ी तो हत्यारोपी सचिन को फिर से रिमांड पर लाया जा सकता है। हालांकि, पुलिस को जो भी पूछताछ करनी होती है तो वह जेल जाकर पूछकर आ जाती है। जल्द ही एसआईटी अपनी जांच पूरी कर देगी और रिपोर्ट शासन को भेजी जाएगी।
कांग्रेस कार्यकर्ता हिमानी नरवाल की 28 फरवरी को घर पर उनके मित्र सचिन ने मोबाइल के चार्जिंग तार से गला घोंटकर हत्या कर दी थी। हत्या के बाद रात को शव सूटकेस में रखकर सांपला छोड़ आया था। पुलिस ने हत्यारोपी को पकड़कर घटना का खुलासा कर दिया था। मगर परिजनों को संदेह है कि हत्या के पीछे कोइ्र बड़ी साजिश है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री मिलकर दोबारा जांच की गुहार लगाई थी। अब पुलिस इस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है।