रोहतक। पंडित भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय (यूएचएस) में नकल के खेल में 17 लोग पुलिस के रडार पर हैं। इनकी मोबाइल लोकेशन व कॉल रिकॉर्डिंग खंगाली जा रही है। इसी कड़ी में चार और संदिग्ध कर्मचारी सामने आए हैं। इनसे भी मामले में पूछताछ की जाएगी। फिलहाल इनके नाम सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। इनमें हॉस्टल सुपरवाइजर, असिस्टेंट, प्रोग्रामर व एक बैरर शामिल बताया गया हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, नकल के खेल मामले में कई स्तर पर जांच चल रही है। इसी कड़ी में कुछ संदिग्धों से पूछताछ की तैयारी की गई है। पहले पकड़े गए आरोपियों में एक ने खुलासा किया है कि हॉस्टल सुपरवाइजर एक एमबीबीएस स्टूडेंट का रिश्तेदार है। इसने आरोपी से कुछ छात्रों को रुपये लेकर पास कराने के लिए संपर्क किया था।
असिस्टेंट ने आरोपी को खाली उत्तर पुस्तिकाएं उपलब्ध कराईं। प्रोग्रामर ने प्रश्नपत्र लीक किए। बैरर ने एक सिलाई मशीन उपलब्ध कराई। इसका उपयोग असली उत्तर पुस्तिकाओं के पहले पन्ने को नकली उत्तर पुस्तिकाओं से जोड़ने के लिए किया गया। इनकी इस गड़बड़झाले में मिलीभगत से जुड़े तथ्य जुटाए जा रहे हैं।
पुलिस ने इस मामले में 41 लोगों के नाम केस दर्ज किया है। इनमें 24 एमबीबीएस छात्र व 17 कर्मचारी हैं। पुलिस तीन कर्मचारियों को गिरफ्तार कर चुकी है। इसमें रोशन लाल, रोहित व दीपक शामिल हैं। इनकी चार्जशीट भी दाखिल हो चुकी है।