रोहतक। फेडरेशन ऑफ वेटरन्स एसोसिएशन के तत्वावधान में रविवार को पूर्व सैनिक अपनी मांगों को लेकर छह घंटे तक लघु सचिवालय के बाहर भूख हड़ताल पर बैठे। पूर्व सैनिक लखपत हुड्डा के नेतृत्व में हक के लिए आवाज उठाई गई ।
साबका सैनिक संघर्ष कमेटी के जिला प्रधान हवलदार कृष्ण सिंह ने कहा कि तीन अप्रैल को सभी उपायुक्तों और सभी सांसदों, तहसीलदार एवं एसडीएम के माध्यम से राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री व रक्षामंत्री को ज्ञापन सौंपे गए थे। लेकिन अफसोस है कि सरकार द्वारा मांगों पर कोई संज्ञान नहीं लिया गया है। देश के लाखों पूर्व-सैनिक आज सड़कों पर प्रदर्शन को मजबूर होकर लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांगों की गुहार लगा रहे है।
पूर्व सैनिक लखपत हुड्डा ने कहा कि अगर सरकार द्वारा लगातार अनदेखी की गई तो पूर्व-सैनिकों को कठोर कदम उठाने को मजबूर होना पड़ सकता है। हम अनुशासित और राष्ट्र निर्माण में सहभागी रहे हैं। सरकार अनदेखी कर हमें भी राजनीतिक दलों की तरह उपद्रव और तोड़-फोड़ युक्त आंदोलन के लिए नहीं उकसाए। अगर मांगों पर संज्ञान नहीं लिया जाता है तो अगले चरण 23 जुलाई को जंतर-मंतर पर बड़ी संख्या में धरना व प्रदर्शन कर संसद का घेराव और जेल भरो आंदोलन का आह्वान भी किया जा सकता है।