रोहतक। पीजीआईएमएस की कुलपति डॉ. अनीता सक्सेना के फरमान पर अमल करते हुए निदेशक डॉ. रोहतास कंवर यादव ने पत्र जारी किया है कि हर वार्ड में अब सायं चार बजे के बाद सीनियर कंसलटेंट मिलेंगे। अधिकारी के पत्र ने संस्थान के सभी विभागों में हलचल मचा दी है, क्योंकि अभी तक सीनियर डॉक्टर ऑन काल ही उपलब्ध रहते थे।
संस्थान निदेशक की ओर से ड्यूटी के समय एप्रेन, पहचान पत्र आदि अनिवार्य किए जाने के बाद अब वार्डों में कंसलटेंट की मौजूदगी अनिवार्य कर दी गई है। मरीजों की ओर से कई बार समस्या उठाई जा रही थी कि सायं के समय सीनियर डॉक्टर वार्ड में मौजूद नहीं होते। सारी जिम्मेदारी जूनियर रेजिडेंट व सीनियर रेजिडेंट के भरोसे होती है। आपात स्थिति में कंसलटेंट को फोन करके बुलाया जाता है। कई मामलों में सीनियर डॉक्टर मौके पर आते भी नहीं थे। अब प्रशासन ने नए आदेश जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि सभी विभागाध्यक्ष अपने-अपने विभाग में कंसलटेंट की ड्यूटी का रोस्टर बनाएंगे और इसकी जानकारी निदेशक व चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय में देंगे।
गौरतलब है कि प्रशासनिक अधिकारियों के इन आदेशों से वार्ड में उपचाराधीन मरीजों को लाभ मिलेगा। क्योंकि सायंकालीन राउंड के दौरान ही सीनियर डॉक्टर वार्ड में आते थे। पीजीआईएमएस 2200 बेड की क्षमता वाला अस्पताल होने के चलते यहां प्रदेश भर से मरीज उपचार के लिए आते हैं।