चरखी-दादरी के पूर्व फौजी ने बताया कि उसकी 23 वर्षीय बेटी एमएससी द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। साथ ही गर्ल्स हॉस्टल में रहती थी। शुक्रवार शाम करीब सवा आठ बजे फोन आया कि वह हॉस्टल वार्डन बोल रही हूं। जल्दी आ जाओ। उसका पड़ोसी पवन व मौसी के लड़के साथ वह हॉस्टल में आया।
रोहतक एमडीयू के गर्ल्स हॉस्टल में फंदा लगाकार आत्महत्या करने वाली एमएससी द्वितीय वर्ष की छात्रा को एक युवक परेशान करता था, जिसके चलते छात्रा ने यह कदम उठाया है। उसके पिता के आरोप पर पुलिस ने आरोपी युवक के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने का केस दर्ज किया है। पीजीआईएमएस थाने के प्रभारी प्रमोद का कहना है कि जल्द आरोपी से पूछताछ करेंगे।
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पुलिस ने किया आरोपी के खिलाफ केस दर्ज
पुलिस को दी शिकायत में चरखी-दादरी के पूर्व फौजी ने बताया कि उसकी 23 वर्षीय बेटी एमएससी द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। साथ ही गर्ल्स हॉस्टल में रहती थी। शुक्रवार शाम करीब सवा आठ बजे फोन आया कि वह हॉस्टल वार्डन बोल रही हूं। जल्दी आ जाओ। उसका पड़ोसी पवन व मौसी के लड़के साथ वह हॉस्टल में आया।
थाना प्रभारी बोले, जल्द करेंगे आरोपी से पूछताछ
हॉस्टल के बाहर काफी लड़के खड़े थे। कमरे का शीशा तोड़कर देखा तो उसकी बेटी पंखे पर चुन्नी से फंदा लगा कर लटकी हुई थी। दरवाजे को तोड़कर अन्दर घुसे तो बेटी की मौत हो चुकी थी। बेटी के शव को फंदे से उतारकर पूछताद की तो पता चला कि एक लड़का परेशान करता था। उसे शक है कि इसी कारण उसकी बेटी ने जान दी है। गहराई से जांच पड़ताल कर उसकी बेटी के मौत के कारणों का पता लगाया जाए।