अमर उजाला ब्यूरो
कोसली।
क्षेत्र के गांव गुड़ियानी में लालडोरा के भीतर पंचायती जमीन बताकर पंचायत की ओर से तोड़े गए मकानों का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। पीड़ित परिवार बुधवार को इसकी शिकायत लेकर जिला सचिवालय पहुंचे, जहां उन्होंने डीडीपीओ आरसी शर्मा को शिकायत देकर सरपंच पर गलत ढंग से लालडोरा में बने मकानों को तुड़वाने का आरोप लगाया है। डीडीपीओ ने जल्द ही मामले में जांच का आश्वासन दिया है। शिकायत में सुषमा सैनी, निर्मला, देवी, अनीता देवी, नारायण सिंह, जय सिंह, बाबूलाल, गुलाब सैनी, राम सिंह, सरोज देवी, बाला देवी, कांता देवी व कमलेश ने बताया कि लालडोरा में उनके पुश्तैनी मकान सालों से बने हुए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि सरपंच मनोज कुमार ने उनकी जमीन को पंचायती जमीन बताकर प्रशासन के सहयोग से उस जमीन पर बने उनके मकानों को 3 जुलाई को तोड़ दिया। डीडीपीओ ने ग्रामीणों को शिकायत पर जांच का भरोसा दिलाया। पीड़ित जिला पार्षद प्रशांत यादव के नेतृत्व में डीडीपीओ से मिले। सोमवार तक इस संबंध में कोई निर्णय नहीं होने पर मंगलवार से जिला उपायुक्त कार्यालय के बाहर धरने पर बैठने की चेतावनी दी है।
नियमानुसार मकान तोड़े गए : सरपंच
मकान नियमानुसार ही तोडे़ हैं। प्रशासन के आदेशों से पंचायत ने कार्रवाई अमल में लाई है। यह सब गांव के कुछ लोगों की ओर से पंचायत के कार्य में बाधा डालने के लिए किया जा रहा है। -मनोज राजौरा, सरपंच, गुड़ियानी