पर्यावरण संरक्षण के लिए शुरू किए गए इस जनभागीदारी आधारित अभियान को लेकर लोगों में उत्साह नजर आया। बरसाती सीजन में आम, जामुन, अमरूद, आलू बुखारा, इमली या अन्य फल खाने के बाद उनके बीज अकसर कूड़ेदान में फेंक दिए जाते हैं।
भविष्य का बीजारोपण अभियान बुधवार को जवाहर लाल नेहरु नहर से शुरू हुआ। यहां उप वन संरक्षक सुंदर सांभरिया, रोहतक रेंज अधिकारी सुभाष चंद्र, सिंचाई विभाग के कार्यकारी अधिकारी रामनिवास ने अभियान का विधिवत शुभारंभ किया। यहां विभिन्न सामाजिक संगठनों के सदस्य व आमजन भी सीड बॉल के साथ मौजूद रहे। लोगों को फल खाइए और बीज दान कीजिए का संदेश दिया।
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पर्यावरण संरक्षण के लिए शुरू किए गए इस जनभागीदारी आधारित अभियान को लेकर लोगों में उत्साह नजर आया। बरसाती सीजन में आम, जामुन, अमरूद, आलू बुखारा, इमली या अन्य फल खाने के बाद उनके बीज अकसर कूड़ेदान में फेंक दिए जाते हैं। बीजदान अभियान के तहत इन्हीं का संग्रहण कर खाली पड़ी सरकारी जमीन, पार्क, नहर, सड़कों के किनारे, पंचायती जमीन व स्कूल-कॉलेज के मैदान में इनका भविष्य के लिए बीजारोपण किया जाएगा।
अभियान के शुभारंभ पर लोगों से आह्वान किया गया कि जब भी घर, कार्यालय, स्कूल या किसी अन्य स्थान पर फल खाएं तो उनके बीज कूड़ेदान में न फेंके। इन्हें पानी से साफ कर व छाया में सुखा लें। इसके बाद उन बीजों को किसी कागज या डिब्बे में सुरक्षित रखकर बीज बैंक या संग्रह केंद्र पर जमा कराएं और इस अनूठे अभियान का हिस्सा बनें।