सर्दियों के इस सीजन का पहला कोहरा सोमवार को कहर बनकर बरसा। सुबह कोहरे के
कारण विजिबिलिटी इतनी कम थी कि 10 मीटर तक भी वाहन दिखाई नहीं दे रहे थे।
इस
वजह से प्रदेश में कई जगह वाहन आपस में भिड़ गए, जिसमें पांच लोगों की जान
गई और दर्जन भर से ज्यादा घायल हो गए। वहीं, बसें और ट्रेनें भी तय समय से
देरी से पहुंची। रविवार देर रात को ढकी कोहरे की सफेद चादर सोमवार दोपहर
को ही उतर सकी। मौसम विभाग के अनुसार रोहतक में न्यूनतम तापमान दस डिग्री
और अधिकतम 22 डिग्री दर्ज किया गया।
हादसों में पांच की मौत
सिरसा
में बस और कार की टक्कर में दो लोगों की मौत हो गई। करनाल में भी वाहन
भिड़ने से एक महिला और एक युवक की मौत हुई। वहीं, फरीदाबाद में भी एक युवक
की जान चली गई। कोहरे के कारण रोहतक में चार जगह वाहन टकरा गए। समर
गोपालपुर के पास थ्री-व्हीलर पलट गया और उसमें से तीन यात्री घायल हो गए।
घायलों को सामुदायिक केंद्र में भर्ती कराया, जहां प्राथमिकी उपचार के बाद
उन्हें छुट्टी दे दी गई। वहीं, जींद बाईपास मोड़ पर एक ऑटो व कार की टक्कर
होने से कार सवार तीन लोग जख्मी हो गए।
स्कूलों में भी कम रही हाजिरी
धुंध
के कारण स्कूली बच्चों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। बच्चों के लेने
वाले वाहन भी निर्धारित समय से लेट आए और काफी बच्चे ठंड के चलते स्कूल में
नहीं गए। धुंध के चलते कई स्कूलों में प्रार्थना तक नहीं कराई गई।
अधिकतर ट्रेनें हुई लेट
कोहरे
के कारण रोहतक पहुंचने वाली व रोहतक से चलने वाली सभी ट्रेनें अपने
निर्धारित समय से आधे से एक घंटे तक लेट रही। इनमें अवध एक्सप्रेस, किसान
एक्सप्रेस, गोरखधाम एक्सप्रेस, इंटरसिटी एक्सप्रेस, बरेली एक्सप्रेस और
जनता एक्सप्रेस सहित लोकल ट्रेनें भी लेट रहीं।