रोहतक। सालाना 12 करोड़ रुपये का बजट होने के बावजूद नगर निगम के पार्क बदहाल हैं। कहीं सफाई का अभाव है तो कहीं फुटपाथ की टाइलें उखड़ चुकी हैं। पार्कों में सबमर्सिबल भी खराब पड़े हैं। नगर निगम की ओर से सोसाइटियों को सौंपे गए रखरखाव के जिम्मे का समय 30 जून को पूरा हो चुका है।
ज्यादातर पार्कों में सफाई भी नहीं की जा रही है। सार्वजनिक शौचालय भी गंदगी से अटे पड़े हैं। इसको लेकर जिला कष्ट निवारण समिति सदस्य, भाजपा कार्यकर्ता एवं पूर्व पार्षद अशोक खुराना ने सफाई व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। पार्कों के रखरखाव का कार्य 17 सोसाइटियों को दिया गया था। पुराना हाउसिंग बोर्ड निवासी जसबीर कुमार ने बताया कि कन्हेली रोड स्थित शहीद सुरेश कुमार पार्क में फुटपाथ की टाइलें नहीं लगाई गई हैं।
ट्री ट्रिमिंग मशीन बनी सफेद हाथी :
पार्कों और गलियों में पेड़-पौधों की कटाई-छंटाई नहीं होने के कारण लटकती टहनियां ट्रैक पर चलने वालों के लिए मुसीबत बन रही हैं। नगर निगम की ओर से सालभर पहले 24 लाख रुपये में खरीदी गई ट्री ट्रिमिंग मशीन खड़ी है।
झूले टूटे पड़े हैं :
पार्कों में बच्चों के झूले टूटे पड़े हैं। ओपन जिम की कई मशीनें भी खराब हैं। इन्हें ठीक कराने की व्यवस्था तक नहीं है। नगर निगम ने एक वर्ष पूर्व जिम मशीनों और झूलों की मरम्मत के लिए टेंडर जारी किया था, लेकिन कोई खास मरम्मत कार्य नहीं हो पाया। सार्वजनिक शौचालयों में भी सफाई नहीं होने से आमजन परेशान हैं।
नगर निगम आयुक्त को पत्र लिखकर पार्कों की नियमित सफाई, टूटे झूलों एवं जिम मशीनों की मरम्मत, सबमर्सिबल चालू कराने के अलावा समय पर टेंडर नहीं करने वाले अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने की मांग की गई है।
अशोक खुराना, पूर्व पार्षद
नगर निगम की ओर से पार्कों की देखरेख और साफ-सफाई कराई जा रही है। इस माह के अंत तक काम पूरा होने की उम्मीद है।
मनजीत कुमार, संयुक्त आयुक्त, नगर निगम