अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक। सीआईए-2 द्वारा मुठभेड़ के बाद पकड़े गए बदमाशों ने पुलिस की पूछताछ में कई बड़े खुलासे किए है। राजेश बवाना और बुपनिया गैंग मिलकर हरियाणा में विभिन्न क्षेत्रों पर वारदात को अंजाम दे रहा है। दिल्ली के कुख्यात बदमाश नीरज बवाना से बदला लेने के लिए राजेश बवाना ने अपना अलग गैंग बनाया है। वर्तमान में भोंडसी जेल से ही राजेश बवाना गैंग को चला रहा है। पुलिस तीन दिन के रिमांड पर लेकर गिरोह के गुर्गों से पूछताछ कर रही है। सीआईए-2 प्रभारी आजाद सिंह ने बताया कि पकड़े गए बदमाश राजेश बवाना गैंग के लिए काम करते है। संजीत क्रांति गैंग का सरगना राजेश की तरह कम दिनों में ही अपना खौफ पैदा करना चाहता है। इसके लिए उसने दस दिन पहले बहादुरगढ़ के स्कूल संचालक से भी मोबाइल पर कॉल कर 50 लाख की रंगदारी मांगी थी। जिसमें वह सफल नहीं हुए थे। यह गिरोह जहां भी वारदात को अंजाम देता है इसमें दस से ज्यादा बदमाश मौजूद रहते हैं। राजेश बवाना जेल में बंद होने के बावजूद वहीं से ही गिरोह का संचालन कर रहा है।
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नीरज से प्रॉपर्टी विवाद का बदला लेना चाहता है राजेश बवाना
करीब चार साल पूर्व ही दिल्ली के कुख्यात नीरज बवाना से प्रॉपर्टी को लेकर राजेश बवाना का झगड़ा हो गया था। इसी झगड़े का बदला लेने के लिए राजेश बवाना ने अपना अलग गिरोह बनाया। सूत्रों के अनुसार गिरोह के सदस्यों को जेल से ही सरगना विभिन्न स्थानों पर वारदात को अंजाम देने के लिए कहता है।
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गिरोह में 30 की उम्र पार कर चुके लोगों की नो एंट्री
पुलिस की पूछताछ में सामने आया है कि संजीत और राजेश गिरोह में अधिक से अधिक गुर्गे शामिल किए हैं। जिनमें कुछ बमदाश तो स्नातक पास भी है। तीस साल की उम्र पार कर चुके लोेगों को गिरोह में एंट्री नहीं दी जाती है। अभी तक की पुलिस की जांच में गिरोह में 15 से अधिक गुर्गों के शामिल होने की बात सामने आई है। पुलिस जल्द सभी आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा कर रही है।