सिलाई मशीन के लिए टैगोर आडिटोरियम में आधा घंटे हंगामा
कामरेडों ने भाजपा पर लगाया चहेतों को मशीन देने का आरोप
- मुख्यमंत्री के जन्म दिन पर सरकार की ओर से आयोजित श्रमिक जागरूकता एवं सम्मान समारोह में भवन कामगार मजदूरों ने की नारेबाजी
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक।
मुख्यमंत्री मनोहर लाल के जन्मदिन पर शनिवार को एमडीयू के टैगोर सभागार में आयोजित श्रमिक जागरूकता एवं सम्मान समारोह में सिलाई मशीनों के लिए जोरदार हंगामा हुआ। हंगामा करीब आधे घंटे रहा। कामरेडों व भवन निर्माण यूनियन के मजदूरों ने भाजपा पर अपने चहेतों को मशीनें देने का आरोप लगाते हुए समारोह स्थल में घुस गए। यहां मंच से पुलिस को उन्हें बाहर निकालने के निर्देश दिए गए। यहां मंच से कामरेडों पर शराब व मुर्गा ही नहीं मजदूरों का हक भी खाने का आरोप लगाया गया। हालात बिगड़ते देख पुलिस के जवानोें ने भीड़ को समारोह स्थल से बाहर किया।
मशीन लेने पहुंचे मजदूरों को नहीं मिली एंट्री
श्रमिकों को समारोह में सिलाई मशीन दिए जाने की सूचना मिली। इसके चलते भवन निर्माण कामगार यूनियन (सीटू) से जुड़े श्रमिक भी वहां पहुंच गए। यहां उनकी भीड़ को देखते हुए आयोजकों ने उन्हें बाहर कर दिया। टोकन लाने वाले श्रमिकों को ही समारोह में शामिल किया गया। इस कारण भवन निर्माण मजदूरों को मशीन नहीं मिल पाई।
पुलिस व श्रमिकों के बीच हुई जोर आजमाइश
समारोह में जा रहे श्रमिकों को पुलिस व प्रशासन के रोकने का प्रयास किया। आडिटोरियम के बाहर पुलिस व श्रमिकों के बीच जमकर जोर आजमाइश हुई। इस दौरान आडिटोरियम का दरवाजा खोलने को लेकर धक्कामुक्की भी हुई। पुलिस के प्रयास के बावजूद श्रमिक आडिटोरियम में दाखिल होने में सफल रहे।
देवीलाल पार्क में एकत्र हुए श्रमिक
शनिवार को समारोह में अपने साथ हुए भेदभाव को लेकर श्रमिक देवीलाल पार्क में एकत्र हुआ। यहां भवन निर्माण मजदूर यूनियन के जिला प्रधान रामभगत की प्रधानता में सभा के बाद सभी सड़क पर प्रदर्शन करते हुए टैगोर आडिटोरियम पहुंचे। यहां श्रमिकों ने आयोजकों व सरकार पर भेदभाव करने के विरोध में नारेबाजी की। इस मौके पर सीटू प्रदेश सचिव विरेंद्र मलिक, सीटू जिला सचिव प्रकाशचंद्र, प्रधान सतबीर पाकस्मा, उपप्रधान रामचंद्र सिवाच, यूनियन उपाध्यक्ष कमलेश लाहली, संजीव सिह, सत्यनारायण किसनगढ़, सूरजभान आवल, कपिल देव, हरिओम, रामचंद्र बैंसी, सुभाष कलानौर, रणधीर सिसर, नरेश शिमली, जगदीशचंद्र जांगड़ा, सुरेश यादव, नरेश शिमली समेत अनेक लोग मौजूद रहे।
14 मई से फूंके जाएंगे श्रम मंत्री के पुतले
भवन निर्माण कामगार यूनियन ने श्रम मंत्री के रुख की निंदा करते हुए 14 मई से 9 जून तक जिले के सभी गांव व शहरी बस्तियों में श्रम मंत्री के पुतले जलाने का फैसला लिया है। इसके साथ ही 10 जून को भिवानी में आयोजित राज्य स्तरीय सम्मेलन में बढ़-चढ़कर हिस्सेदारी की जाएगी। यहां जुलाई में आर-पार के आंदोलन की घोषणा की जाएगी।
श्रमिकों से बचकर चोर दरवाजे से निकल गए श्रम मंत्री
श्रम कल्याण बोर्ड में पंजीकृत हजारों मजदूरों के मृत्यु, कन्यादान, छात्रवृत्ति की सुविधा के करोड़ों रुपये वर्षों से बकाया हैं। भाजपा श्रम कल्याण का इस्तेमाल कर सिलाई मशीनों के बहाने वाहवाही लूटना चाहती है। भाजपा शासनकाल में बोर्ड में पंजीकरण व सुविधा लाभों पर मनमानी शर्तें लगाकर मजदूरों का निरंतर उत्पीड़न किया जा रहा है। भाजपा, बीएमएस के लोग गांवों में जाकर लोगों से मनमाने पैसे ऐंठकर फर्जी पंजीकरण के जरिए बोर्ड को खोखला करने के साथ श्रम कल्याण बोर्ड का राजनैतिक इस्तेमाल कर रहे हैं। बीएमएस के भ्रष्ट नेताओं को मंच पर बैठाया जा रहा है। भ्रष्टाचारियों पर कार्रवाई की मांग करने पर सैकड़ों महिला-पुरुष मजदूरों को समारोह में बैठने तक नहीं दिया गया। श्रमिक सम्मान समारोह में वास्तव में श्रमिकों का अपमान है। मजदूरों के आक्रोश के चलते अधिकारियों ने श्रम मंत्री से बातचीत का अश्वासन दिया, परंतु श्रम मंत्री मजदूर प्रतिनिधियों से बातचीत करने की बजाय चोर दरवाजे से निकल गए।
- विनोद, प्रदेश सचिव, भवन निर्माण कामगार यूनियन।
यह है मुख्य मांगें
- श्रमिकों को पंजीकरण के आठ महीने बाद भी नहीं मिल रही पासबुक।
- श्रमिकों के पंजीकरण की आन लाईन प्रणाली का नहीं मिल रहा लाभ।
- प्रमाण पत्रों के अभाव में प्रवासी मजदूरों का नहीं हा रहा पंजीकरण।
- श्रमिकों के पंजीकरण व सुविधा राशि के लिए विशेष कैंप लगा जाएं।
- मजदूराें से रुपये मांगने व दुर्व्यवहार करने वाले हेड क्लर्क पर नहीं हो रही कार्रवाई।
- शहर के लेबर चैक पर शौचालय, शेड व पेजयल की व्यवस्था करवाई जाए।
- निर्माण स्थलों के आस पास मोबाइल शौचालय की व्यवस्था की जाए।
- मजदूरों की विभिन्न सुविधाओं की बकाया राशि जल्द जारी की जाए।
- जिला स्तर पर निगरानी कमेटियों का गठन किया जाए।
- निगरानी कमेटियों में यूनियन के प्रतिनिधियों को शामिल किया जाए।
- मजदूरों से पंजीकरण व सुविधाओं के नाम पर लूट करने वालों पर कार्रवाई हो।
- मकान बनाने व खरीदे के लिए बिना ब्याज के लोन सुविधा दी जाए।
श्रमिकों को मुख्य धारा में लेकर आई भाजपा : श्रम मंत्री
- पिछली सरकारों में नेताओं को श्रमिक के शरीर से आती थी बदबू
- अभियान चलाकर किया जाएगा श्रमिकों का पंजीकरण, एक मजदूर संगठन करता था शोषण
- मजदूरों से दलाली खाने वालों की दुकान की बंद
अमर उजाला ब्यूरो
रोहतक
सरकार ने वर्षों से उपेक्षित रहे श्रमिक, पिछड़ों व समाज के कमजोर वर्ग के लोगों को अपनी कल्याणकारी नीतियों के माध्यम से समाज की मुख्य धारा में जोड़ने का काम किया है। यह कहना है श्रम एवं रोजगार मंत्री नायब सिंह सैनी का। वे शनिवार को मुख्यमंत्री के जन्मदिवस पर टैगोर सभागार में आयोजित श्रमिक जागरूकता एवं सम्मान समारोह में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि आजादी के बाद लगातार दशकों तक कांग्रेस का शासन रहा। इस दौरान मजदूरों को वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल किया गया। सत्ता में आने के बाद इनके शरीर में से नेताओं को बदबू आने लगी। भाजपा की पहली ऐसी सरकार है जिसने मजदूरों के कल्याण के लिए लगभग दो दर्जन योजनाओं को क्रियान्वित करके उन्हें सीधा लाभ पहुंचाया।
श्रम विभाग के अधिकारी शहरों में लेबर चौक व गांव में उन स्थानों पर पहुंचेंगे, जहां श्रमिक मजदूरी पाने के लिए एक स्थान पर इकट्ठा होते हैं। सरकार ने श्रमिकों के रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया को सरल बनाया है। रजिस्ट्रेशन के लिए आनलाइन व आफलाइन दोनों विकल्प दिए हैं। मजूदरों को योजनाओं का लाभ मुहैया कराने के लिए प्रदेश में सात स्थानों पर अंत्योदय भवन बनाए गए हैं। मजदूरों को 10 रुपये में भरपेट खाना देने के लिए प्रदेश के छह जिलों में फूड कैंटीन खोली गई हैं। शेष जिलों में भी ये कैंटीन खोली जाएंगी। समारोह में विभिन्न योजनाओं के तहत 2232 लाभार्थियों को 3 करोड़ 3 लाख 41 हजार 200 रुपये की राशि वितरित की गई। इसके अलावा एक हजार पंजीकृत मजदूर महिलाओं को निशुल्क सिलाई मशीन बांटी गई। इस मौके पर पिछड़ा वर्ग कल्याण बोर्ड के चेयरमैन रामचंद्र जांगड़ा, श्रम कल्याण बोर्ड के चेयरमैन रमेश बल्हारा, जिला अध्यक्ष अजय बंसल, भूषण चुघ, हनुमान गोदारा, नरेश इंदौरा, रोहताश जांगड़ा, सुरेंद्र ठाकुर, विकास रोहिल्ला, कपिल नागपाल, जंगबहादुर उपस्थित रहे।
दीन दयाल उपाध्याय के अंतोदय सपने को साकार कर रही भाजपा
मजदूर इस देश की रीढ़ हैं। मजदूरों के बिना कोई भी ढांचा खड़ा नहीं हो सकता। भाजपा मजदूरों के हितों व अधिकारों को लेकर गंभीर है। पिछली सरकारों के दौरान उद्योगों में ताले लगवाकर मजदूरों को रोजगार विहीन कर दिया गया। भाजपा मजदूरोें का पेट भरने का काम कर रही है। पिछली सरकारों के दौरान परिवारवाद व कुनबों को आगे बढ़ाने का काम किया गया। मुख्यमंत्री ने परिवारवाद की राजनीति को समाप्त कर दिया है। अब बिना सिफारिश के सरकारी पदों पर योग्य उम्मीदवारों को नौकरियां मिल रही हैं। आने वाले समय में विभिन्न श्रेणी में एक लाख पदाें पर भर्तियां की जाएंगी।
- मनीष ग्रोवर, सहकारिता मंत्री।