फोटो 05 महम में पत्रकारों से बात करते महम चौबीसी सर्वखाप पंचायत के प्रधान सुभाष नंबरदार व अन्य
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महम (रोहतक)। संत रामपाल महाराज की ओर से संचालित सतलोक आश्रम के अनुयायियों को सम्मानित करने पर जयपुर निवासी एक व्यक्ति के अशोभनीय टिप्पणी करने से शनिवार को मामला गरमा गया। टिप्पणी करने वाले ने अपने आपको रामपाल महाराज का शिष्य बताते हुए आश्रम के सेवादारों को सम्मानित करने पर एतराज जताते हुए खाप के बारे में भी अशोभनीय टिप्पणी कर वायरल की।
महम चौबीसी सर्वखाप पंचायत के प्रधान सुभाष नंबरदार ने बताया कि उन्हें किसी ने सोशल मीडिया के माध्यम से एक वीडियो भेजा। इसमें एक व्यक्ति अपने आपको राजस्थान के जयपुर का रहने वाला और संत रामपाल का सेवादार बता रहा है। वह संत रामपाल के शिष्यों को सम्मानित करने पर पंचायत व रामपाल के शिष्यों पर अभद्र टिप्पणी करता है।
खाप प्रधान ने यह मामला संत रामपाल के सेवादारों तक पहुंचाकर स्पष्टीकरण मांगा। सेवादारों ने बताया कि यह व्यक्ति आज से दस साल पहले संगत से निकाला जा चुका है। बताया कि खुद संत रामपाल महाराज उसके खिलाफ पुलिस को शिकायत दे चुके हैं। उस व्यक्ति पर मुकदमा भी चलाया हुआ है।
सेवादारों ने लिखित में खाप सदस्यों के सामने सबूत पेश किए। इसके बाद खाप सदस्यों ने कहा कि टिप्पणी करने वाला व्यक्ति रामपाल महाराज का हाल में सेवादार नहीं है। आश्रम की ओर से उसे गुरु द्रोही घोषित किया जा चुका है। कहा कि खाप ने टिप्पणी पर माफी मांगने के लिए 5 दिन का समय दिया है, अन्यथा उसके खिलाफ आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।