जलकर राख हुआ हर्बल पार्क का एग्जिबिशन हाल
अमर उजाला ब्यूरो
खिजराबाद। चुहड़पुर कलां स्थित चौधरी देवी लाल हर्बल पार्क के कांफ्रेंस हाल और एग्जिबिशन हाल आग लगने से जलकर राख हो गए। बांस व फूंस के बने इस हॉल में रखे लाखों रुपये के प्रोजेक्टर, एलईडी व फर्नीचर आदि भी आग की भेंट चढ़ गए। गनीमत रही कि, रेस्ट हाउस को बचा लिया गया। आग लगने की वजह शार्ट सर्किट बताई जा रही है।
चौ.देवीलाल औषधीय उद्यान में रविवार रात करीब दस बजे अचानक आग भड़क उठी। रात के चौकीदार ओमप्रकाश, बंटी व सलीम ने जैसे ही कांफ्रेंस हॉल की ओर से आग की लपटें उठती देखी तो वे आग बुझाने दौड़ पड़े। बताया जा रहा कि , इसके बाद कर्मचारियों ने अपने अधिकारियों को आग लगने की सूचना दी। हर्बल पार्क के रेंज अधिकारी राजीव कांबोज व कलेसर फाम्रेस्ट अधिकारी कुलदीप सिंह ने फायर ब्रिगेड के छछरौली केंद्र को सूचना दी। चौकीदार सलीम व मतलूब अली ने बताया कि कांफ्रेंस हाल के चारों ओर से बंद होने के कारण गैस का गुबार अंदर ही इकट्ठा हो गया था, रुक रुककर शीशे चटक रहे थे। हाल में लगी फर्श की टाइलें भी तेज आवाज के साथ बिखर रहीं थीं। जल्द ही आग कांफ्रेंस हॉल से शुरू होकर एग्जिबिशन हॉल तक फैल गई। बेकाबू हुई आग को बुझाने के लिए छछरौली केंद्र से आई फायर ब्रिगेड के कर्मचारियों ने आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन कोई सफलता नहीं मिली। आग लगने से कांफ्रेंस हाल के अंदर लगा प्रोजेक्टर, एलइडी तथा लाखों रुपये का कीमती फर्नीचर जलकर नष्ट हो गया है।
आग कैसे लगी जांच कर रहे, कलाम की यादगार बची
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक आग की लपटें इतनी भयानक थी कि उन्होंने आसपास के पेड़ों को भी अपनी चपेट में ले लिया। देखते ही देखते लगभग पांच लाख की लागत से बने कांफ्रेंस और एग्जिबिशन हॉल राख के ढेर में बदल गए। आग की सूचना मिलने के बाद डीएफओ निकिता बुद्धिराजा, डीएफओ विकास आदि अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर घटना का मुआयना किया। हर्बल नेचर पार्क के रेंज अधिकारी राजीव कांबोज ने बताया कि जैसे ही आग लगने की सूचना मिली तो विभाग के सभी लोग मौके पर पहुंच गए। आग बिजली के शार्ट सर्किट के कारण लगी है। लेकिन फिर भी पूरी घटना की बारीकी से जांच की जा रही है। रेंज अधिकारी ने बताया कि विभागीय कर्मचारियों की सूझ-बूझ से रेस्ट हाउस और उसमें पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम की याद में रखी चेयर व अन्य फर्नीचर को सुरक्षित बचा लिया गया है। उन्होंने कहा कि यदि उच्च अधिकारी आदेश करेंगे तो आग लगने के कारणों की जांच भी कराई जा सकती है।
हर्बल पार्क के कैमरे खराब मिले
करीब 184 एकड़ में फैले हर्बल नेचर पार्क में मेन गेट सहित तीन स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए हुए हैं। लेकिन विभागीय लापरवाही के चलते तीनों कैमरे खराब पड़े हैं। जानकारों का मानना है कि यदि सीसीटीवी कैमरे सही सलामत काम कर रहे होते तो आग लगने के कारणों का पता लगाना आसान हो जाता।
खराब पड़ी है वन विभाग की इकलौती फायर ब्रिगेड
वन विभाग के पास आग बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड मशीन मौजूद है, लेकिन यह सालों से खराब पड़ी है। यदि फायर ब्रिगेड की मशीन चालू हालात में होती तो नुकसान को कम किया जा सकता था।