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सीएम फ्लाइंग ने मारा छापा, दो क्लीनिक अवैध मिले, संचालक गिरफ्तार

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सीएम फ्लाइंग ने मारा छापा, दो क्लीनिक अवैध मिले, संचालक गिरफ्तार
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अमर उजाला ब्यूरो
कैथल। लघु सचिवालय से दूर ग्रामीण क्षेत्र की क्या बात करें, शहर में अफसरों की नाक के नीचे ही झोलाछाप लोगों की सेहत से खिलवाड़ कर रहे हैं। सीएम फ्लाइंग ने स्वास्थ्य विभाग की टीम के साथ वीरवार को शहर में अवैध रूप से चल रहे क्लीनिकों की जांच का अभियान चलाया तो ये खुलासा हुआ। कहीं फार्मासिस्ट इलाज करते मिले तो कहीं चिकित्सीय उपकरणों के अभाव में ही इलाज होता मिला। एक जगह दीवार पर कील के सहारे ग्लूकोज चढ़ाई जाती मिली। जांच के दौरान नियमों का उल्लंघन करने पर 2 आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया गया है तो दो चिकित्सकों के लाइसेंस की जांच के आदेश जारी किए गए हैं। वहीं स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई से हड़कंप मचा रहा। कई लेबोरेटरी और मेडिकल स्टोर संचालक अपनी दुकानें बंद कर भाग गए।
वीरवार दोपहर छापेमार दल चीका-पटियाला रोड पर एक क्लीनिक पर पहुंचा। यहां क्लीनिक चलाने वाला कोई एमबीबीएस डॉक्टर नहीं बल्कि फार्मासिस्ट निकला। वह मरीजों को क्लीनिक के पीछे भर्ती कर रहा है। यहां छह मरीज भर्ती किए गए थे। मरीजों के खुले आसमान तले चारपाई पर लेटाया हुआ था। यहां पेड़ पर ग्लूकोज टांगी हुई थी। दीवारों में टंगी कील पर लटकार ग्लूकोज चढ़ाई जा रहीं थीं। टीम ने मरीज दाखिल करने वाले रजिस्टर को जब्त कर लिया। इसी दौरान आस-पास स्थित दो लैब संचालक और मेडिकल स्टोर संचालक अपने प्रतिष्ठान बंद कर भाग गए।
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आयुर्वेद का है प्रमाण-पत्र, संचालित करता मिला क्लीनिक
टीम में शामिल डा. विकास भटनागर ने बताया कि जांच अभियान में चीका रोड पर जसविंद्र सिंह को फार्मासिस्ट होते हुए एक क्लीनिक चलाते हुए पाया गया, जो गैर कानूनी है। इलाज में करीब 30 प्रकार की दवा मिली हैं। वहीं जनकपुरी कॉलोनी में एक कुलदीप नाम का व्यक्ति क्लीनिक चला रहा था। वह एक आयुर्वेद का प्रणाम पत्र लिए हुए था और अंग्रेजी दवा भी बेच रहा था, जो गैर कानूनी है। दोनों के खिलाफ एफआईआर के लिए आदेश जारी किए गए हैं। सीआईडी इंस्पेक्टर सतबीर जांगड़ा ने बताया कि चार जगह हुई छापेमार कार्रवाई में चीका-पटियाला रोड पर फार्मासिस्ट जसविंद्र और जनकपुरी कॉलोनी में अंग्रेजी दवा बेचने वाले कुलदीप के खिलाफ केस दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है, जबकि पुराने बाईपास के निकट क्लीनिक चला रहे ओमप्रकाश व बलराज नगर में क्लीनिक चला रहे अखिल के यहां जांच के बाद दोनों के लाइसेंस की जांच का आदेश दिया गया है।
सीएम फ्लाइनिंग में सब इंस्पेक्टर शिशपाल, सुशील, एएसआई गुरनाम सिंह, राजपाल, हुकम चंद, मनोहर लाल,सुशील शामिल रहे। (वहीं स्वास्थ्य विभॉाग की ओर से डा. विकास भटनागर व जिला आयुर्वेदिक डा. पूनम वालिया व वरूण शामिल रहे।
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झोलाछाप में मचा हड़कंप:-इस छापेमार कार्रवाई के कारण जिले भर के झोलाछाप में हड़कंप मच गया है। शहर भर से कई ऐसे क्लीनिक संचालक अपने क्लीनिक बंद कर भाग गए। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में भी बिना किसी तरह के झोलाछाप डॉक्टरों में भी हड़कंप मच गया।
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