संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। बेसहारा पशुओं को पकड़ने के लिए नगर परिषद ने वर्क अलाॅट जारी कर दिया है। करीब 1300 पशुओं को पकड़ने का लक्ष्य रखा गया है। 1740 रुपये में गाय, 1700 में सांड़ और 1680 रुपये में बछड़ा पकड़ा जाएगा। प्रति पशु के हिसाब से संबंधित फर्म को नगर परिषद की तरफ से भुगतान किया जाएगा।
पिछले वर्ष सांड़ 2450 रुपये, 2050 में गाय और 1750 में रुपये में बछड़े पकड़े गए थे। इस बार नगर परिषद को कम दर में फर्म मिली है। जिले में कितने पशु हैं, इस बार सर्वे नहीं हुआ है। पिछले वर्ष जब नगर परिषद ने सर्वे कराया था तो करीब 4500 बेसहारा पशुओं को चिह्नित किया गया था। नगर परिषद का दावा है कि इनमें से करीब 1300 पशुओं को पकड़ा जा चुका है। इस पर 23 से 25 लाख रुपये की राशि खर्च हुई थी। इस वर्ष बेसहारा पशुओं की संख्या 30 प्रतिशत और बढ़ चुकी है।
बढ़ती संख्या को देखते हुए इस बार भी 1300 पशु पकड़ने का लक्ष्य रखा गया है। जबकि इस साल उम्मीद थी कि लक्ष्य बड़ा रखा जाएगा। हर साल पशुओं की संख्या बढ़ने का एक मुख्य कारण यह भी है कि कम संख्या में पशुओं को पकड़ा जा रहा है। औसतन हर साल 1300 के आसपास पशु पकड़े जाते हैं। साल 2021 में भी 1300 पशु, 2022, 2023, 2024 में भी स्थिति इसी प्रकार की रही।
पशुओं को छोड़ने वाले पशुपालकों पर नहीं हो रही कार्रवाई : शहर के कई मोहल्लों में कई ऐसे पशुपालक हैं, जो अपनी दुधारू गायों का दूध निकालकर उन्हें खुला छोड़ देते हैं।