संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। सरकारी स्कूलों की शैक्षणिक गुणवत्ता सुधारने और शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी व जवाबदेह बनाने के उद्देश्य से जिले के कुल 638 सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता की जांच की जाएगी। स्कूलों का मूल्यांकन 7 प्रमुख डोमेन और 181 निर्धारित मापदंडों के आधार पर किया जाएगा। इसके बाद उन्हें जिला और राज्य स्तर पर रैंकिंग प्रदान की जाएगी।
शिक्षा विभाग के अनुसार यह पूरी प्रक्रिया दो चरणों में संचालित की जाएगी। पहले चरण में जिले के सभी सरकारी स्कूलों का आकलन किया जाएगा। इस मूल्यांकन के आधार पर स्कूलों की रैंकिंग, मान्यता और उनकी शैक्षणिक स्थिति तय की जाएगी। दूसरे चरण में निजी स्कूलों को भी इसी प्रणाली के अंतर्गत लाया जाएगा ताकि जिले की समग्र शिक्षा व्यवस्था में गुणवत्ता का समान स्तर सुनिश्चित किया जा सके।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य स्कूलों को उनकी मजबूती और कमजोरियों से अवगत कराना है, जिससे वे स्वयं में सुधार की दिशा में ठोस कदम उठा सके। रैंकिंग के लिए जिन 7 डोमेन को आधार बनाया जाएगा। इन सभी डोमेन के अंतर्गत कुल 181 बिंदुओं पर स्कूलों का सूक्ष्म मूल्यांकन किया जाएगा।