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Rewari News: नगर में गोवंशों को पकड़ने के लिए तीन माह का दिया टेंडर

Fri, 26 Apr 2024 03:10 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
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रेवाड़ी। बेसहारा पशुओं को पकड़ कर लेकर जाती टीम। स्रोत: विभाग
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रेवाड़ी। नगर परिषद की ओर से गाेवंश को पकड़ने की दिशा में कार्य शुरू कर दिया गया है। दरअसल शहर को कैटल मुक्त बनाने के लिए एजेंसी को टेंडर दिया जा चुका है। एजेंसी ने कार्य भी शुरू कर दिया है। वीरवार को अनाज मंडी से चार बेसहारा पशुओं को पकड़ा गया। एजेंसी को यह टेंडर तीन माह के लिए दिया गया है।
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एजेंसी को प्रति पशु के हिसाब से पैसा दिया जाएगा। यानी कि जितने पशु एजेंसी पकड़ेगी उसी हिसाब से नगर परिषद की तरफ से भुगतान किया जाएगा। नगर परिषद ने एक गाय पकड़ने के लिए 2050 रुपये, सांड़ पकड़ने के लिए 2450 रुपये और बछड़ा पकड़ने के लिए 1750 रुपये निर्धारित किए हैं। बता दें कि बेसहारा पशुओं का लगातार आतंक शहर में बढ़ता जा रहा था। कई बार दुर्घटनाएं भी हो चुकी हैं। नगर परिषद के अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही शहर पशु मुक्त होगा। शहर के सभी पशुपालकों से भी आग्रह है अपने पशुओं को खुला ना छोड़ें। शहर को कैटल फ्री बनाने में सहयोग करें।

बता दें कि फरवरी में अदालत में नगर परिषद ने बेसहारा पशुओं के मामले में 26 जून से लेकर 20 नवंबर 2023 तक का ब्योरा पेश किया था। कोर्ट में नगर परिषद ने बताया था कि शहर से 26 गाय, 220 सांड़ और 10 बछड़े इस अवधि में पकड़े गए थे, जिनको धारूहेड़ा गौशाला में भेजा गया था।
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इंसेट


वर्ष 2016 से किया था कैटल फ्री घोषित

कागजों में जिले को वर्ष 2016 से कैटल फ्री घोषित किया जा चुका है, लेकिन हकीकत में स्थिति इसके उलट है। बार-बार टेंडर छोड़ने पर लाखों रुपये का खर्च आता है। शहर के पुरानी सब्जी मंडी, नाईवाली चौक, नारनौल रोड का पुल, भाड़ावास रोड, बस अड्डा के सामने, कोनसीवास रोड आदि 24 घंटे भारी और छोटे वाहनों के साथ आमजनों का आवागमन रहता है। यहां बेसहारा पशुओं का जमावड़ा होने से हमेशा जानमाल का खतरा बना रहता है। फिलहाल नगर परिषद ने पशुओं के आतंक से छुटकारा दिलाने के लिए एक साल का समय लिया है।

शहर के कई मोहल्लों में कई ऐसे पशुपालक हैं, जो अपने दुधारू गायों का दूध निकालकर उन्हें खुला छोड़ देते हैं। ऐसे में पहले से ही घूम रहे बेसहारा पशुओं के साथ इनसे संख्या बढ़ने से परेशानी बढ़ रही है।

इंसेट
एक फोटोग्राफर की जा चुकी है जान

बेसहारा पशु के हमले की वजह से करीब तीन साल पहले एक फोटोग्राफर की मौत हो चुकी है। इसके बाद शहर के लोगों ने कई दिन तक धरना-प्रदर्शन भी किया था। दिसंबर 2023 में परशुराम कॉलोनी निवासी एडवोकेट जगत निनानिया की पत्नी को भाड़ावास फाटक के पास आपस में लड़ते दो सांड़ों ने अनिता को टक्कर मार दी। इससे उसके हाथ, पैर, सिर में गंभीर चोटें लगी थी। 19 मार्च 2024 को शहर के पॉश इलाके मॉडल टाउन में बीच सड़क पर दो सांड़ आपस में भिड़ गए थे। पास खड़ी दो कारें और एक बाइक क्षतिग्रस्त हो गई थी। करीब 15 मिनट तक अफरातफरी का माहौल रहा। लोग अपने वाहन छोड़कर दुकानों के अंदर छिप गए।


वर्जन
बेसहारा पशुओं को पकड़ने के लिए एजेंसी को टेंडर अलॉट कर दिया गया है। पशुओं को पकड़ने की प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी है। पशुपालकों से अपील है कि पशुओं को खुले में न छोड़ें।-सुधीर कुमार, मुख्य सफाई निरीक्षक, नगर परिषद रेवाड़ी
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