- सेक्टर 1 स्थित कार्यालय में लोगों की समस्या सुनते पीपीपी के स्टेट कोऑर्डिनेटर डॉ. सतीश खोला।
रेवाड़ी। सेक्टर 1 स्थित कार्यालय में पीपीपी के स्टेट कोऑर्डिनेटर डॉ. सतीश खोला ने समस्याएं सुनींं। उन्होंने कहा कि सरकार ने हर छात्रवृत्ति पोर्टल नाम से नई सुविधा शुरू की है। इससे उन परिवारों के बच्चों को लाभ मिलेगा जिनकी पीपीपी में वार्षिक आय 1 लाख 80 हजार रुपये से लेकर 3 लाख रुपये तक है। अधिकांश छात्रवृत्ति योजनाओं के लिए आय सीमा 2 लाख 50 हजार रुपये निर्धारित की गई है।
डॉ. सतीश खोला ने बताया कि पहले ऐसे कई परिवारों के बच्चे छात्रवृत्ति से वंचित रह जाते थे जिनकी वार्षिक आय 2.5 लाख रुपये होती थी। इस समस्या को ध्यान में रखते हुए सरकार ने यह नया प्रावधान लागू किया है। अब ऐसे परिवार सरल हरियाणा पोर्टल पर हर छात्रवृत्ति पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकेंगे, जिसके आधार पर बच्चों के लिए छात्रवृत्ति हेतु मान्य आय प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि इस प्रक्रिया के तहत छात्र या उनके अभिभावक ऑनलाइन आवेदन करेंगे। आवेदन के बाद संबंधित विभाग द्वारा आय का सत्यापन किया जाएगा और छात्रवृत्ति के लिए मान्य आय प्रमाण पत्र जारी किया जाएगा।
इस प्रमाण पत्र में वार्षिक आय सीमा ढाई लाख रुपये (2.5 लाख) के अनुसार दर्शाई जाएगी, जो विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाओं के लिए मान्य होगी। इससे ऐसे हजारों विद्यार्थियों को राहत मिलेगी जो पीपीपी में अधिक आय स्लैब होने के कारण अब तक योजनाओं का लाभ नहीं ले पा रहे थे।
जारी आय प्रमाणपत्र छात्रवृत्ति योजनाओं के लिए मान्य
डॉ. खोला ने आगे बताया कि शैक्षणिक वर्ष 2025-26 से अनुसूचित जाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग वर्ग के विद्यार्थियों के लिए पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना का क्रियान्वयन राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल के माध्यम से किया जा रहा है। इस संबंध में विद्यार्थियों और अभिभावकों के बीच आय प्रमाण पत्र की वैधता को लेकर उत्पन्न भ्रम को दूर करने के लिए भी आवश्यक स्पष्टीकरण जारी किया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्तमान में सरल पोर्टल के माध्यम से आय श्रेणी के तहत जारी आय प्रमाण पत्र छात्रवृत्ति योजनाओं के लिए मान्य हैं। डॉ. सतीश खोला ने बताया कि जिन विद्यार्थियों ने सरल पोर्टल के माध्यम से उक्त श्रेणी के अंतर्गत आय प्रमाण पत्र बनवाया है, वे उसी प्रमाण पत्र का उपयोग करते हुए राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल पर पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति के लिए आवेदन कर सकते हैं। यह प्रमाण पत्र एनएसपी के माध्यम से प्रस्तुत किए गए आवेदनों के लिए पूरी तरह वैध माना जाएगा।