नारनौल। जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के विशेष अभियान में प्रदेश में रेवाड़ी जिला सीवर कनेक्शन में पहले स्थान पर रहा। करनाल पानी कनेक्शन पहले पायदान पर रहा। महेंद्रगढ़ पानी और सीवर कनेक्शन देने में प्रदेश में दूसरे स्थान पर रहा है। अवैध पेयजल और सीवर कनेक्शनों को वैध बनाने के लिए यह अभियान जीपीएस मैपिंग के जरिए चलाया जा रहा है।
यह अभियान सितंबर माह तक जारी रहेगा। इसका उद्देश्य पुराने कनेक्शनों को नियमित करना है। पानी के कनेक्शन में करनाल सर्कल ने 703 के लक्ष्य के मुकाबले 491 कनेक्शन कर 69.84 फीसदी प्रगति हासिल की। नारनौल सर्कल 771 के लक्ष्य के मुकाबले 428 कनेक्शन के साथ 55.51 फीसदी पर रहा। रोहतक सर्कल पानी कनेक्शन में सबसे निचले स्थान पर रहा। यहां पर 2.83 फीसदी प्रगति दर्ज हुई। सीवर कनेक्शन में रेवाड़ी सर्कल 1273 के लक्ष्य के मुकाबले 769 कनेक्शन और 60.41 फीसदी प्रगति के साथ पहले स्थान पर है। नारनौल सर्कल ने 1570 के लक्ष्य के मुकाबले 784 कनेक्शन कर 49.94 फीसदी उपलब्धि हासिल की। झज्जर सर्कल सीवर कनेक्शन में सबसे निचले पायदान पर रहा जिसकी प्रगति 1.42 फीसदी दर्ज की गई।
अभियान की प्रगति और अन्य जिलों की स्थिति
जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग का यह अभियान अवैध कनेक्शनों को नियमित करने पर केंद्रित है। पानी कनेक्शन में पलवल, रेवाड़ी, गुरुग्राम और सिरसा क्रमश तीसरे से छठे स्थान पर रहे। झज्जर, सोनीपत, जींद, कैथल, हिसार, अंबाला और भिवानी की प्रगति भी दर्ज की गई। सीवर कनेक्शन में सिरसा 23.57 फीसदी के साथ तीसरे स्थान पर रहा। अन्य जिलों में जींद, कैथल, सोनीपत, पलवल, करनाल, भिवानी और गुरुग्राम की प्रगति भी ठीक रही