रेवाड़ी। मौसम का मिजाज बदलने की वजह से प्रदूषण से काफी हद तक अब राहत मिली है। जहां रोजाना प्रदूषण का स्तर 300 को पार कर रहा था तो वहीं, अब एक्यूआई 200 के नीचे पहुंच चुका है। मंगलवार को पूरा दिन एक्यूआई 200 के आसपास रहा। मगर जैसे-जैसे समय बितता गया, शाम सात बजे तक एक्यूआई 153 दर्ज किया गया। जबकि सोमवार को एक्यूआई 331 था। आने वाले दिनों में प्रदूषण के स्तर में फिलहाल इसी तरह की कमी देखने को मिलेगी। बता दें कि दिवाली के बाद से प्रदूषण काफी बढ़ चुका था। दूसरी तरफ अस्पताल में आंखों के जलन और सांस में तकलीफ के मरीजों की संख्या भी काफी कम हो चुकी है। अब आंखों में जलन के मरीज 10 से 15 और सांस में तकलीफ के मरीज चार से पांच दर्ज किए जा रहे हैं। इससे पहले रोजाना 50 से 60 आंखों के मरीज और सांस में तकलीफ के 20 से 30 मरीज दर्ज किए जा रहे थे।
मंगलवार को सुबह से लेकर शाम तक रुक-रुक कर बूंदाबांदी होती रही। इधर, लोगों की दिनचर्या भी काफी प्रभावित हुई है। इस बात का डर था कि कहीं तेज बरसात हुई तो आने-जाने में भी काफी परेशानी हो सकती है। ऐसे में लोगों ने संभाल कर ही अपनी दिनचर्या तय की। हालांकि, तेज बरसात नहीं हुई। कारोबार भी काफी प्रभावित हुआ है। बाजार में जहां रौनक रहती थी। अब पहले की तुलना में लोग भी काफी कम पहुंचे थे।
अधिकतम तापमान में आई कमी
बरसात के बाद तापमान में गिरावट आई है, जिससे मौसम ठंडा होने लगा है। न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस पर आ गया है। जहां रोजाना अधिकतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया जा रहा था, लेकिन अब 21 डिग्री दर्ज किया गया है। आ गया है। इस सीजन में अधिकतम तापमान पहली बार इस स्तर पर आया है।
आने वाले दिनों में मौसम की स्थिति
मौसम विभाग के मुताबिक पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव के कारण हवाओं में बदलाव से पिछले दो दिनों से मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। अब 1 दिसंबर तक परिवर्तनशील बने रहने की संभावना है। एक और पश्चिमी विक्षोभ के आंशिक प्रभाव के कारण 29 नवंबर रात्रि से 1 दिसंबर के दौरान बीच-बीच में आंशिक बादलवाई होने तथा कहीं-कहीं छिटपुट बूंदाबांदी हो सकती है। इस के बाद 2 दिसंबर से 5 दिसंबर के दौरान मौसम आमतौर पर खुश्क तथा उत्तरी व उत्तरपश्चिमी हवाएं चलने से में रात के तापमान में हल्की गिरावट होगी।
सुबह के समय हल्की धुंध रहने की संभावना है।
गेहूं के लिए मौसम बेहतर
विशेषज्ञों का कहना है कि यह मौसम गेहूं और सरसों के लिए काफी अच्छा है। यदि मौसम ऐसा ही रहता है तो इस बार की फसल अच्छी होने की संभावना है। कृषि अधिकारी डॉ. संजय के मुताबिक मौसम के बदले मिजाज ने किसानों के चेहरे पर रौनक लाने का काम किया है, जो किसान गेहूं की फसल की खेती कर रहे हैं। उनके लिए मौजूदा मौसम की परिस्थितियां वरदान है।
कितने एमएम हुई बरसात
रेवाड़ी 8.5
मनेठी 11.1
पाल्हावास 3
धारूहेड़ा 3
डहीना 12
बावल 0.2
कोसली 20
नाहड़ 14.4
पिछले सप्ताह व आज के सप्ताह की मौसम की य्द
दिन एक्यूआई
मंगलवार 153
सोमवार 331
रविवार 313
शनिवार 324
शुक्रवार 342
वीरवार 311
बुधवार 299
मंगलवार 330
सोमवार 298 (20 नवंबर)