रेवाड़ी। समग्र शिक्षा के तहत सरकारी स्कूलों में होने वाले कार्यों के बिलों का भुगतान अब एसएनए स्पर्श प्रणाली के माध्यम से किया जाएगा। पहले पीएमश्री विद्यालयों में लागू इस व्यवस्था को अब समग्र शिक्षा के कार्यों के लिए भी अपनाया जा रहा है। इस संबंध में सोमवार को जाटूसाना खंड के सभी 109 राजकीय विद्यालयों के मुखियाओं और एबीआरसी को प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में डीपीसी कार्यालय के लेखाकार सतपाल और बीआरसी जाटूसाना के लेखा सहायक विवेक ने विद्यालय मुखियाओं को पोर्टल पर बिल तैयार करने, जमा करवाने और भुगतान की प्रक्रिया की जानकारी दी। बताया गया कि समग्र शिक्षा की विभिन्न अनुदान की राशि बीआरसी स्तर पर प्राप्त होगी। स्वीकृत कार्य पूरे होने के बाद विद्यालयों को संबंधित बिल बीआरसी कार्यालय में जमा करवाने होंगे।
बीआरसी कार्यालय में लेखा सहायक बिलों की जांच कर उन्हें पोर्टल पर तैयार करेगा और भुगतान के लिए पंचकूला स्थित मुख्यालय भेजेगा। इसके बाद मुख्यालय स्तर से संबंधित फर्म के बैंक खाते में सीधे भुगतान किया जाएगा।
खंड शिक्षा अधिकारी जाटूसाना जोगेंद्र सिंह धनखड़ ने विद्यालय मुखियाओं को निर्देश दिए कि अनुदान का उपयोग निर्धारित नियमों और दिशा-निर्देशों के अनुसार करें। कार्य पूरा होने के बाद बिल समय पर बीआरसी कार्यालय में जमा करवाना सुनिश्चित करें। उन्होंने वित्तीय नियमों की पालना के साथ भुगतान प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध रखने पर जोर दिया।
प्रशिक्षण में जाटूसाना खंड के सभी 109 राजकीय विद्यालयों के मुखियाओं और एबीआरसी ने भाग लिया।