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Rewari News: किराये के भवन में पढ़ रहे नाैनिहाल...लैब में लग रहीं कक्षाएं

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पीथड़ावास स्थित प्राइमरी पाठशाला के जर्जर भवन से उखड़ा छत से प्लास्टर। संवाद
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रेवाड़ी। पीथड़ावास का राजकीय प्राइमरी और वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल एक साथ चलते हैं। प्राइमरी स्कूल को अब राजकीय माॅडल संस्कृति स्कूल में शिफ्ट किया गया है। प्राइमरी स्कूल के भवन में बच्चे अभी तक जर्जर भवन में पढ़ रहे थे लेकिन इसे जर्जर घोषित नहीं किया गया था।
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अप्रैल में जर्जर घोषित होने के बाद जुलाई से बच्चों को वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के पांच कमरों में बिठाया जाने लगा है। इसके बावजूद यहां बच्चों की कक्षाएं लैब में लगाई जा रही हैं। बड़े बच्चों के साथ भी प्राइमरी के बच्चों को बिठाया जा रहा है। दोनों ही स्कूल एक ही भवन में चल रहे हैं।

प्राइमरी स्कूल में इस समय 91 बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। इसी भवन में मॉडल संस्कृति स्कूल भी चलता है। मॉडल संस्कृति स्कूल ने जो कमरे दिए हैं, यहां पर पहले लैब हुआ करती थी। अभी जो व्यवस्था है वह केवल अस्थाई है, जबकि स्थाई व्यवस्था होनी चाहिए। प्राइमरी पाठशाला को खुद का अपना भवन कब मिलेगा, अभी इस पर कुछ भी नहीं कहा जा सकता है क्योंकि कोई बातचीत ही नहीं शुरू हुई है। ।
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बोलने से बच रहे चुप्पी साधे अधिकारी
स्कूल के शिक्षकों ने बताया कि उन्होंने मौजूदा परिस्थितियों से उच्च अधिकारियों अवगत करा दिया है। अभी तक किसी प्रकार की कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है। विद्यालय का अभी एस्टीमेट बनना है, मंजूरी आएगी। कब बजट अलाॅट होगा, काफी लंबी प्रक्रिया है।

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पीथड़ावास के प्राइमरी स्कूल का रिपोर्ट कार्ड
विद्यार्थियों की संख्या 91

शिक्षकों के स्वीकृत पद 4
कार्यरत शिक्षक 4
पढ़ने के लिए कमरे 5

शौचालय 3







अभी तो जैसे तैसे बच्चों के पढ़ने की व्यवस्था की गई है मगर पढ़ाई की व्यवस्था स्थाई होनी चाहिए। भवन कब बनेगा, इसे लेकर कुछ भी कंफर्म नहीं है। खुद का भवन हो तो ज्याद अच्छा है। -विकास कुमार, ग्रामीण


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भवन को कंडम घोषित किया जा चुका है। मगर नया भवन बनाने को लेकर कोई प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई है। बस जैसे-जैसे कर चल रहा है। -सुनील सिंह
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वर्जन:


प्राइमरी स्कूल के जर्जर भवन की सूचना अधिकारियों को दे दी गई है। बजट व नए भवन पर फैसला उच्चाधिकारियों द्वारा ही लिया जाएगा। लोकल स्तर पर बच्चों के लिए कमरों की व्यवस्था करवा दी गई है। प्राइमरी स्कूल में 91 बच्चे पढ़ते हैं।

-अजय कुमार, प्राचार्य, राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल पीथड़ावास
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बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए बैठने की उचित व्यवस्था अभी बनाई गई है। भवन को लेकर बातचीत अभी चल रही है। नए भवन के बनने के बाद ही स्थाई समाधान हो सकेगा। -सुभाष सांभरिया, जिला शिक्षा अधिकारी रेवाड़ी।

पीथड़ावास स्थित प्राइमरी पाठशाला के जर्जर भवन से उखड़ा छत से प्लास्टर। संवाद

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