रेवाड़ी। ततारपुर स्थित राजकीय संस्कृति मॉडल स्कूल में प्रस्तावित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन स्पोर्ट्स का 10 माह बाद भी निर्माण शुरू नहीं हो सका है जबकि योजना को मंजूरी मिल चुकी है।
पंचकूला से आई विशेष जांच टीम ने स्कूल का निरीक्षण कर आवश्यक परियोजना को हरी झंडी भी दे दी। इस सेंटर का मुख्य उद्देश्य ओलंपिक में हरियाणा की झोली में अधिक से अधिक मेडल के लिए खिलाड़ियों को तैयार करना है लेकिन अधर में लटकी इस परियोजना से खिलाड़ियों को झटका लगता दिख रहा है।
इस पूरे प्रोजेक्ट की निगरानी पंचकूला से ही की जा रही है। बजट और प्रबंधन से जुड़े सभी महत्वपूर्ण निर्णय भी वहीं से लिए जा रहे हैं।
सेंटर तैयार होने के बाद मिलेंगी ये सुविधाएं
सेंटर के तैयार होने के बाद जिले के खिलाड़ियों को आधुनिक और उच्चस्तरीय खेल सुविधाएं उपलब्ध होंगी। स्कूल परिसर में ग्राउंड सहित सभी आवश्यक खेल सुविधाएं विकसित की जानी हैं ताकि इच्छुक खिलाड़ी नियमित अभ्यास कर सकें। यह सेंटर जिले के उभरते खिलाड़ियों के लिए एक बेहतर प्लेटफॉर्म साबित होगा जिससे वे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकेंगे।
सेंटर की निदेशालय स्तर पर करनी होगी हर 3 माह में समीक्षा
स्कूल की हर तीन महीने में सेंटर की निदेशालय स्तर पर समीक्षा होगी। आगामी ओलंपिक खेलों के लिए खिलाड़ियों का बेस पूल तैयार किया जाएगा। सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन स्पोर्ट्स विकसित करने का मुख्य मकसद मिशन ओलंपिक है। ओलंपिक में हरियाणा की झोली में अधिक से अधिक मेडल आए इसके लिए खिलाड़ियों को तैयार करने पर विशेष फोकस किया जाएगा।
वर्जन
सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन स्पोर्ट्स के विकास के लिए स्वीकृति मिल चुकी है। उम्मीद है कि जल्द निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। परियोजना पूरी होने के बाद खिलाड़ियों को काफी लाभ मिलेगा।
-विनोद मेहता, प्राचार्य, राजकीय मॉडल संस्कृति विद्यालय, ततारपुर