रेवाड़ी। मिड-डे मील कार्यकर्ता यूनियन व एआईयूटीयूसी ने मांगों को लेकर लघु सचिवालय परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ता पहले नेहरू पार्क में इकट्ठा हुईं और एक सभा की गई।
सभा को संबोधित करते हुए यूनियन की प्रधान भतेरी देवी व सचिव मुनेश देवी ने बताया कि मिड डे मील कर्मी गरीब परिवारों की महिलाएं है, हम में से बहुत सी विधवा भी हैं। गुजारे के लिए स्कूलों में मिड डे मील कुक का काम करती हैं, लेकिन जो मानदेय मिलता है वह बहुत ही कम है। महंगाई के जमाने में मात्र 7 हजार से गुजारा करना बहुत ही कठिन है और यह भी कई-कई माह तक नहीं मिलता है और अभी तो 6 हजार ही मिल रहे हैं। केंद्र सरकार के हिस्से का 1 हजार रुपये काफी समय से नहीं दिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि साल में मात्र 10 माह का मानदेय ही मिलता है, जबकि सभी तमाम महकमों में कर्मचारियों व अन्य स्कीम वर्कर को 12 माह का वेतन मिलता है। कार्यकर्ताओं की ड्यूटी स्कूलों में दोपहर को भोजन बनाने की होती है। भोजन बनाने, बच्चों को खिलाने व बर्तनों की साफ-सफाई के बाद ही छुट्टी होती है, लेकिन कई जगह पर अध्यापक हमें रोक कर रखते हैं और हमसे विभिन्न तरह के काम करवाए जाते हैं।
जिला प्रधान ने बताया कि यूनियन की राज्य महासचिव कुसुम पांचाल के खिलाफ झूठी शिकायत देकर आने से रोक दिया गया है। उन्होंने मांग की है कि यूनियन की राज्य महासचिव कुसुम पांचाल को शीघ्र ड्यूटी पर बहाल किया जाए।
कार्यक्रम में भवन निर्माण कारीगर मजदूर यूनियन के जिला सचिव भीम सिंह नांगल तेजू, मिड डे मील कार्यकर्ता यूनियन की उपाध्यक्ष बरखा, रेशम, शीला, अंजू, प्रेमवती, मिथलेश, बीना देवी व अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।