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कोसली लघु सचिवालय में पंजीकरण कराने पहुंचे श्रमिकों पर पुलिस ने भांजी लाठियां, एसएचओ बोले- सोशल डिस्टेंस की अवेहलना पर खदेड़ा

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सचिवालय में पंजीकरण कराने आए श्रमिक को पीटता पुलिसकर्मी। - फोटो : Rewari
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कोसली। डीसी के आदेशों के बाद सोमवार को कोसली के मिनी सचिवालय में पंजीकरण कराने पहुंचें करीब 150 प्रवासी श्रमिकों पर पुलिस ने जमकर लाठियां भांजी। इस दौरान श्रमिकों ने इधर-उधर दौड़कर जान बचाई। श्रमिकों ने पुलिस पर जान-बूझकर मारपीट करने का आरोप लगाया। वहीं गांव लूखी से कोसली आ रहे श्रमिकों को भी पुलिस ने वापस खदेड़ दिया।
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जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले प्रवासी श्रमिकों को उनके राज्यों में पहुंचाने के लिए डीसी की ओर से ऑनलाइन पंजीकरण कराने के आदेश दिए गए थे। इसके बाद कोसली क्षेत्र के विभिन्न गांवों में फंसे सैकड़ों प्रवासी श्रमिक सोमवार को सुबह करीब आठ बजे ही मिनी सचिवालय में प्रशासन की ओर से बताए गए लिंक पर पंजीकरण कराने के लिए पहुंच गए। देखते ही देखते कोसली के सचिवालय के बाहर प्रवासी श्रमिकों की भीड़ जमा हो गई। इस दौरान सोशल डिस्टेंस का भी ध्यान नहीं रखा गया। श्रमिकों के अधिक संख्या में जमा होने की सूचना के बाद कोसली थाना पुलिस को सूचना दी गई। इसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर प्रवासी मजदूरों पर जमकर लाठियां भांजी।
पंजीकरण कराने गए थे मिली लाठियां
प्रवासी श्रमिकों ने बताया कि अखबार व अन्य माध्यम से जानकारी मिलने के बाद वे सचिवालय में अपना पंजीकरण कराने के गए थे, लेकिन वहां पहुंचने के बाद पुलिस ने बिना कुछ बातचीत करें उन पर जमकर लाठियां भांजी।
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सोशल डिस्टेंस के साथ कराए पंजीकरण
नायब तहसीलदार कृष्ण कुमार का कहना है कि एक राज्य से दूसरे राज्यों में जाने के लिए सरकार की ओर से केंद्रीकृत प्रणाली शुरू की है, ताकि गृह मंत्रालय के निर्देशानुसार इन्हें लाने ले लाने के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग का पालन हो सके। इसके लिए पंजीकरण जरूरी है। उन्होंने कहा कि आज किन कारणों को लेकर सचिवालय में पुलिस ने मजदूरों की मारपीट की है, मामला उनके संज्ञान में नहीं है।
सोशल डिस्टेंस की अवहेलना करने पर खदेड़ा
कोसली थाना प्रभारी जगबीर ने कहा कि सुबह सूचना मिली कि मिनी सचिवालय के पास प्रवासी श्रमिक सोशल डिस्टेंसिंग की अवहेलना कर रहे हैं। पुलिस ने वहां जाकर उन्हें सोशल डिस्टेंस को लेकर मजदूरों से वहां से हटाया। किसी भी श्रमिक पर लाठीचार्ज नहीं किया।
बावल में साबन चौक पर रोके प्रवासी श्रमिक
खोरी में कार्य करने वाले करीब 60 प्रवासी श्रमिक सोमवार दोपहर बाद बावल की ओर जा रहे थे। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने साबन चौक पर पहुंचकर सभी श्रमिकों को वहीं रोक लिया तथा खोल पुलिस को सूचना दी। इन श्रमिकों को शाम तक वहीं बैठाए रखा। श्रमिकों का आरोप है कि पुलिस ने कई घंटे तक उन्हें भूखा-प्यास बैठाए रखा, जबकि वे अपने घर जाना चाहते थे।
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