रेवाड़ी। आधी-अधूरी तैयारियों के साथ जिले के फिदेड़ी गांव में बनाई गई प्रदेश की एकमात्र कोविड स्पेशल जेल से 8 मई की रात को 13 बंदियों के फरार हो गए थे। इस मामले में विभाग ने तत्कालीन जेल सुपरिटेंडेंट अनिल कुमार व डिप्टी सुपरिटेंडेंट नरेश गोयल को निलंबित कर दिया है। मामले में दो पुलिसकर्मियों को पहले ही सस्पेंड हो चुके हैं।
बता दें कि फिदेड़ी गांव में जिला जेल का निर्माण किया जा रहा है। निर्माणाधीन जिला जेल को कोविड की दूसरी लहर के समय मई माह में प्रदेश की एकमात्र कोविड जेल बना दिया गया था। प्रदेशभर से कोविड संक्रमित बंदियों को इसी जेल में लाकर रखा गया था। 8 मई की रात को कोविड स्पेशल जेल से 13 बंदी जेल की सलाखों को काटकर फरार हो गए थे। इस मामले में सीधे तौर पर जेल प्रशासन की लापरवाही ही सामने आई थी। जेल में तैनात कर्मचारी बैरक के बाहर ड्यूटी ही नहीं दे रहे थे। फरार हुए बंदियों में से अधिकांश पर गंभीर आपराधिक मामले दर्ज थे। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद फरार हुए 13 बंदियों में से 9 को पकड़ लिया है। बाकी के अभी भी फरार ही चल रहे हैं।
जांच के बाद किया निलंबित
इस मामले की जांच की जा रही थी। आईजी जेल जगजीत सिंह ने जांच कमेटी का भी गठन किया था। जांच के बाद अब इस मामले में तत्कालीन जेल सुपरिटेंडेंट अनिल कुमार व डिप्टी जेल सुपरिटेंडेंट नरेश गोयल को सस्पेंड कर दिया गया है। आईजी जेल जगजीत सिंह ने बताया कि दोनों ही अधिकारियों की इस मामले में लापरवाही मिली है। दोनों को सस्पेंड कर दिया गया है।