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Rewari News: पुलिस पहरे में बांटी डीएपी, दोपहर तक लाइन में किसान

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फोटो : 2नई अनाज मंडी में डीएपी बैग लेने के लिए धूप में लाइन में खड़े किसान।संवाद - फोटो : वुमन हास्टल का निरीक्षण करते नगर आयुक्त।
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रेवाड़ी। नई अनाज मंडी में किसानों को अब डीएपी खाद पुलिस के पहरे में मिल रही है। वीरवार को जब किसान खाद लेने के लिए पहुंचे तो इस दौरान भारी बवाल हो गया। सुबह से दोपहर तक लाइन में लगे किसानों ने आरोप लगाया कि जान पहचान वालों को खाद दी जा रही है।
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ऐसे में लाइन में खड़े किसानों ने इसे लेकर अपनी आपत्ति जाहिर की। तब दो पुलिसकर्मियों ने वहां पर मोर्चा संभाला और किसानों को शांत करने का प्रयास किया। करीब 15 मिनट तक आपस में बहसबाजी होती रही। किसानों ने आरोप लगाया कि वह काफी समय से लाइन में खड़े थे, अचानक पीछे से कुछ लोग आए और खाद लेकर चले गए।
इसके बाद लाइन में खड़े किसानों ने वहां पर हंगामा खड़ा कर दिया। पुलिसकर्मियों ने किसानों को शांत करवाकर फिर से लाइन में खड़ा किया। इस दौरान विवाद और तब बढ़ा जब पता चला कि एक किसान को एक ही डीएपी का बैग दिया जाएगा। किसानों ने कहा कि वह घंटों लाइन में खड़े हुए हैं। मात्र एक एक बैग लेने के लिए नहीं आए हैं।
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अगर वह किराया लगाकर उस बैग को लेकर भी जाएंगे तो उससे उन्हें काफी घाटा है। गाड़ी चालक तो अपना पूरा किराया लेगा। फिर किसानों को जानकारी दी गई कि दो बैग मिलेंगे।

खाद के लिए घंटों लाइन में लगना पड़ रहा

किसान सुशील और अनिल ने बताया कि व्यवस्था बिल्कुल भी ठीक नहीं है। इतनी धूप में खाद लेने के लिए लाइन में खड़े रहना पड़ रहा है। विवेक और अनिल ने बताया कि वह अपने पिता के साथ खाद लेने के लिए अनाज मंडी में आए थे। उनके पिता लाइन में सुबह से दोपहर तक खड़े रहे। पूरा दिन हंगामा होता रहा।

टोकन सिस्टम की हो उचित व्यवस्था

किसानों का कहना है कि अगर टोकन दे दिया जाए तो इससे काफी हद तक समस्या कम हो सकती है। टोकन से यह होगा कि जिसका नंबर होगा वह डीएपी ले सकता है। इससे लाइन में भी लगने की जरूरत नहीं पड़ेगी और इधर-उधर छांव में रहकर किसान अपने नंबर का इंतजार कर सकेगा। अभी लाइन में खड़े रहना पड़ता है। धूप में रुकना काफी मुश्किल है। किसानों ने बताया कि सरसों की बुआई के दौरान अगर डीएपी की उपलब्धता कम रही तो उन्हें मुश्किल का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए वे समय रहते खाद इकट्ठा कर रहे हैं।


आवश्यकता अनुसार खाद की पर्याप्त उपलब्धता : दीपक

कृषि विभाग के उपमंडल अधिकारी रेवाड़ी डॉ. दीपक कुमार ने कहा कि किसान खाद का स्टॉक न करें। समय पर व आवश्यकता अनुसार खाद लें। खाद की पर्याप्त उपलब्धता है। किसानों को समय पर खाद मिलेगा। जिले में 2000 मीट्रिक टन यूरिया, 700 मीट्रिक टन डीएपी व 1500 मीट्रिक टन एनपीके खाद पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है।

डीएपी के लिए करना पड़ रहा संघर्ष : समय सिंह



भारतीय किसान यूनियन चढूनी के जिला प्रधान समय सिंह ने बताया कि हर साल किसानों को डीएपी के लिए संघर्ष करना पड़ता है। फिर भी व्यवस्था नहीं सुधारी जाती है। किसान खेत में भी मेहनत करता है और डीएपी लेने के लिए भी उसे संघर्ष करना पड़ रहा है। इसे लेकर प्रशासन से आग्रह है कि व्यवस्था को सुधारा जाए, किसानों को समय पर डीएपी दिया जाए।
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