फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Rewari: युवक की हत्या के दोषी को आजीवन कारावास, हत्या करके कुएं में फेंक दिया था शव

Tue, 13 Sep 2022 07:37 PM IST
भूपेंद्र सिंह संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी (हरियाणा)

सार

दोषी पर अदालत ने 15 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। हत्या करके शव को कुएं में फेंक दिया था। जुर्माना नहीं भरने पर सजा अधिक सजा भुगतनी होगी।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हरियाणा के रेवाड़ी में अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सुनील कुमार दीवान की अदालत ने मंगलवार को खेत पर मजदूरी करने वाले युवक की हत्या करके शव को कुएं में फेंकने के दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही अदालत ने 15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।

विज्ञापन


केस के तथ्यों के अनुसार जिले के गांव मसानी के किसान राधेश्याम के पास शंकर लाल व संजय उर्फ हेमन निवासी गांव जबेर, थाना ईटखोरी, जिला छत्रा, झारखंड मेहनत मजदूरी करने के लिए 20 फरवरी 2019 को आए थे। दोनों उसके ट्यूबवेल पर रहने लगे। 06 मार्च 2019 को शाम करीब 4 बजे दोनों ने शराब पी हुई थी और इनके बीच झगड़ा हो गया था।

राधेश्याम ने दोनों को समझाकर अलग कर दिया और अपने घर आ गया। आरोप है कि उसके जाने के बाद हेमन ने शंकर लाल के पैरों व सिर पर चोटें मारकर उसकी हत्या कर दी थी और शव को खेतों में बने कुएं में फेंक दिया। 7 मार्च को जब राधेश्याम अपने खेतों में गया तो वहां पर शंकर नहीं मिला। वहां मौजूद हेमन ने बताया कि शंकर सामान लाने के लिए गया हुआ है।  इतना बताकर हेमन वहां से चला गया।
विज्ञापन


राधेश्याम जब ट्यूबवेल के पास गया तो वहां पर गेहूं के खेत में खून पड़ा हुआ था और कुएं की मुंडेर पर भी खून लगा हुआ था। जब उसने कुएं में झांककर देखा तो वहां शंकर लाल का शव पड़ा हुआ था। मामले की सूचना थाना धारूहेडा पुलिस को दी गई। पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कुएं से बाहर निकलवाया। पुलिस ने हत्या का मुकदमा दर्ज किया था।

जांच के दौरान आरोपी संजय उर्फ हेमन को गिरफ्तार किया गया। मामले की जांच करने के बाद पुलिस ने कोर्ट में चालान पेश किया। कोर्ट में अभियोजन पक्ष द्वारा रखे गए तथ्यों व गवाहों के आधार पर अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सुनील कुमार दीवान ने दोषी संजय उर्फ हेमन को आजीवन कठोर कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 10 हजार रुपये जुर्माना किया।

जुर्माना नहीं भरने की सूरत में एक वर्ष की अतिरिक्त सजा काटनी होगी। धारा 201 के तहत 7 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई व 5 हजार रुपये का जुर्माना किया। जुर्माना नहीं भरने पर 6 महीने की सजा अलग से भुगतनी होगी। सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें