रेवाड़ी। शहर को बेसहारा पशुओं से मुक्त कराने की मांग को लेकर शनिवार को विभिन्न सामाजिक और व्यापारिक संगठनों के बैनर तले सैकड़ों लोगों ने बारिश के बीच सड़क पर उतर कर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने नेहरू पार्क में एकत्रित होकर प्रदर्शन किया। यहां से पैदल मार्च करते हुए जिला सचिवालय पहुंचे।
जिला सचिवालय में प्रदर्शनकारियों ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपकर नगर परिषद और जिला प्रशासन से आवारा पशुओं की समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि 13 अगस्त को ज्ञापन सौंपे जाने के बाद भी अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने नगर परिषद के जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करने और पशु पकड़ने वाली एजेंसी की उदासीनता की जांच कर प्राथमिकी दर्ज कराने की मांग की।
साथ ही बेसहारा पशुओं के हमलों में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों को मुआवजा देने की मांग भी उठाई। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे पशुओं या पशुपालकों के खिलाफ नहीं हैं, बल्कि नागरिकों के जीवन और सुरक्षा का अधिकार सुनिश्चित करने की मांग कर रहे हैं। उन्होंने आवारा पशुओं के लिए नगर परिषद में आवंटित राशि के इस्तेमाल की जांच कराने की भी मांग की।
प्रदर्शन के दौरान निर्णय लिया गया कि यदि 20 सितंबर तक प्रशासन ने समस्या के समाधान के लिए ठोस कार्रवाई नहीं की तो आगे ज्ञापन नहीं दिया जाएगा। इसके बाद आंदोलन तेज करते हुए बाजार बंद कराया जाएगा और 30 सितंबर से मोती चौक पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा।
इस प्रदर्शन में राजेंद्र सिंह एडवोकेट, मनोज यादव, बाबू कैलाश चंद, प्रदीप नारायण, पीके गुप्ता, विकास गुप्ता, राजेश अदलखा, पुरुषोत्तम दास, विपिन अग्रवाल, संतोष सोनी, कमल बतरा, विवेक भाटोटिया, अमिताभ एडवोकेट, अजय सिंह एडवोकेट सहित सामाजिक एवं व्यापारिक संगठनों से जुड़े सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
शहर में प्रदर्शन करते विभिन्न सामाजिक और व्यापारिक संगठनों के लोग। संवाद