संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। जिले में सोमवार को वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 232 होने के बाद ग्रैप-3 की पाबंदियां लागू की गई हैं। इसके चलते सड़क व भवन निर्माण, खोदाई और मिट्टी की भराई आदि के कार्यों पर रोक लगाई गई है। ऐसे में 200 करोड़ के आसपास का विकास कार्य प्रभावित हो सकता है।
इससे पहले एक्यूआई करीब 100 दर्ज किया जा रहा था। दिसंबर के पहले सप्ताह में ग्रैप-4 की पाबंदियां खत्म हुई थी। इसके बाद ग्रैप-2 की पाबंदियां लागू की गई थीं। 11 दिनों बाद ग्रैप-3 की पाबंदियां लागू की गई हैं। ग्रैप 3 की पाबंदियां लागू होने से भवन निर्माण कार्य से जुड़े 20 हजार श्रमिकों को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। ग्रैप 4 की पाबंदी हटने के बाद श्रमिकों ने आना शुरू कर दिया था। कई जगह 80 प्रतिशत श्रमिक आ चुके हैं। अब कार्य बंद होता है तो परेशानी होगी। वर्तमान में सोलहाराही तालाब, भाड़ावास फाटक, बनीपुर फ्लाईओवर, कोसली फ्लाईओवर का निर्माण चल रहा है। ऐसे में यह कार्य फिर से प्रभावित हो सकते हैं।
दिल्ली नहीं जा सकेंगे ये वाहन : बीएस-3 स्टैंडर्ड या इससे नीचे के मीडियम गुड्स व्हीकल (एमजीवी) दिल्ली में नहीं चल सकेंगे। जरूरी सामान लेकर आ रहे एमजीवी को छूट दी गई है। बीएस-3 और इससे नीचे के मीडियम गुड्स करियर जो दिल्ली के बाहर रजिस्टर्ड हैं, उन्हें दिल्ली में नहीं आने दिया जाएगा। एनसीआर से आने वाली इंटर स्टेट बसों को दिल्ली में नहीं आने दिया जाएगा। इलेक्ट्रिक बसों, सीएनजी बसों और बीएस-6 डीजल बसों को इसमें छूट दी गई है। साथ ही ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट वाली बसों, टेम्पो ट्रैवलर को भी छूट दी गई है।
हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और नगर परिषद ने अबतक की कार्रवाई
नवंबर में हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए विभिन्न सरकारी कार्यालयों, औद्योगिक इकाइयों और निजी संपत्तियों के मालिकों पर कुल 30 लाख से अधिक का जुर्माना लगाया था। 50 डीजी सेट (जनरेटर) सील किए थे। 6 कंपनियों को सील करने के लिए उच्चाधिकारियों को पत्र भेजा गया था। नगर परिषद ने खुले में कूड़ा जलाने, कंस्ट्रक्शन साइट औरहोटल में ढाबों पर लकड़ी व कोयला जलाने पर 100 से अधिक चालान किए थे।
ग्रैप तीन के तहत इन कार्यों पर रहेगी पाबंदी
एनसीआर में धूल पैदा करने वाली व वायु प्रदूषण फैलाने वाली सीएंडडी गतिविधियों पर प्रतिबंध रहेगा। खुदाई और मिट्टी का काम, पाइलिंग व विध्वंस कार्य, सीवर लाइन, पानी की लाइन, ड्रेनेज और इलेक्ट्रिक केबलिंग बिछाने, ईंट व चिनाई कार्य पर रोक रहेगी। वेल्डिंग और गैस-कटिंग, सड़क निर्माण गतिविधियां, मरम्मत, परियोजना स्थलों के भीतर व बाहर सीमेंट, फ्लाई-ऐश, ईंट, रेत, पत्थर आदि धूल पैदा करने वाली सामग्रियों का स्थानांतरण, लोडिंग पर रोक है।
वर्जन
प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए सभी का जागरूक होना जरूरी है। प्रदूषण रोकने के लिए लोगों को मिलकर कार्य करना होगा। लोग कूड़ा आदि ना जलाएं।-हरीश, आरओ, हरियाणा प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड रेवाड़ी।
पिछले दिनों इस प्रकार रहा एक्यूआई
16 दिसंबर को 232, 15 दिसंबर को 181, 14 दिसंबर को 90, 13 दिसंबर को 100, 12 दिसंबर को 106, 11 दिसंबर को 79, 10 दिसंबर को 99 एक्यूआई रहा।