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Rewari News: महंगाई का तड़का... गैस के बाद टिफिन भी होगा महंगा

Sun, 03 May 2026 12:50 AM IST
रोहतक ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
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गैस एजेंसी के बाहर रखे सि​लिंडर। संवाद
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धारूहेड़ा। कॉमर्शियल गैस सिलिंडरों की बढ़ती कीमत ने होटल, ढाबा और टिफिन संचालकों की परेशानी बढ़ा दी है। इससे भोजन की लागत बढ़ी है। होटल, ढाबा संचालकों ने थाली का रेट बढ़ा दिया है वहीं टिफिन संचालकों ने टिफिन का रेट बढ़ाने का निर्णय लिया है।
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धारूहेड़ा व बावल औद्योगिक क्षेत्र होने के कारण यहां बड़ी संख्या में श्रमिक कंपनियों में कार्यरत हैं। इनमें से कई श्रमिक किराये के कमरों और पीजी में रहते हैं और टिफिन सेवा पर निर्भर रहते हैं। पहले उन्हें सस्ते में टिफिन सेवा मिलती थी जिससे उनकी दैनिक जरूरतें आसानी से पूरी हो जाती थीं।
अब गैस की कीमत में वृद्धि से टिफिन संचालकों ने भी टिफिन का दाम बढ़ाने का निर्णय लिया है। टिफिन संचालकों का कहना है कि पहले वे 50 रुपये में एक टिफिन उपलब्ध कराते थे, लेकिन अब गैस सिलिंडर के बढ़े दाम के कारण यह संभव नहीं रह गया है।
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उनका कहना है कि कामर्शियल सिलिंडर पर्याप्त मात्रा में नहीं मिल पा रहे हैं और जो मिलते हैं उनके दाम भी काफी अधिक हैं। ऐसे में लागत निकालना मुश्किल हो गया है।

गैस के बढ़ते दामों का असर केवल व्यवसायियों तक सीमित नहीं है, बल्कि आम नागरिक भी इससे प्रभावित हो रहे हैं। भोजन के दाम बढ़ने से श्रमिकों और मध्यम वर्ग के लोगों के लिए रोजमर्रा का खर्च संभालना चुनौती बनता जा रहा है।
पहले जहां 50 से 60 रुपये में एक थाली भोजन आसानी से मिल जाता था, वहीं अब गैस के दाम बढ़ने के कारण वही थाली 70 से 80 रुपये तक पहुंच गई है। इससे ग्राहकों की संख्या पर भी असर पड़ रहा है, क्योंकि महंगाई के इस दौर में हर व्यक्ति अपने खर्च को सीमित रखने की कोशिश कर रहा है। संवाद
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गैस सिलिंडर की बढ़ती कीमतों से बढ़ी लागत : मोहित
धारूहेड़ा स्थित श्रीश्याम फूड टिफिन संचालक मोहित यादव ने कहा कि गैस की कीमतों में लगातार हो रही वृद्धि से उनका काम प्रभावित हो रहा है। उन्होंने बताया कि हम प्रतिदिन 150 से 200 टिफिन सप्लाई करते हैं लेकिन अब गैस के बढ़ते दामों के कारण हमें भी रेट बढ़ाना पड़ेगा। पहले जहां कम लागत में भोजन तैयार कर ग्राहकों तक पहुंचाना संभव था। अब हर दिन खर्च बढ़ता जा रहा है। ऐसे में पुराने रेट पर सेवा देना संभव नहीं रह गया है।

बढ़ाने पड़ सकते हैं टिफिन के दाम : धर्मेंद्र
डीके बालाजी फूड सर्विस सेंटर के संचालक धर्मेंद्र यादव ने कहा कि अभी हम 50 रुपये में लोगों को टिफिन सप्लाई कर रहे हैं। रोजाना 150 से 200 टिफिन कंपनियों और घरों तक पहुंचाते हैं। गैस के बढ़ते दामों ने हमारी लागत बढ़ा दी है। होटल संचालक रेट बढ़ने के बाद भट्ठियों का इस्तेमाल कर सकते हैं लेकिन हमारे लिए ऐसा संभव नहीं है। टिफिन सेवा में ग्राहकों की मांग के अनुसार रोटी, चावल, सब्जी और अन्य व्यंजन तैयार करने पड़ते हैं। सिलिंडर के रेट लगातार बढ़ रहे हैं। इसलिए हमें जल्द ही टिफिन के दाम बढ़ाने पड़ेंगे।

मैं फैक्टरी में काम करता हूं। पहले 50 रुपये में पेट भर खाना मिल जाता था। अब दाम बढ़ने की बात सुनकर चिंता हो रही है। हमारी कमाई सीमित है। ऐसे में महंगा खाना लेना मुश्किल हो जाएगा।-शैलेश कुमार, धारूहेड़ा।


गैस के दाम बढ़ने से टिफिन और ढाबों को खाना महंगा होगा तो घर का खर्च बिगड़ जाएगा। अब खाने पर ज्यादा पैसा देना पड़ेगा तो बचत करना मुश्किल हो जाएगा।-संदीप कुमार, धारूहेड़ा।
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कई बार खुद खाना नहीं बना पाता। टिफिन से ही गुजारा चलता है। अगर टिफिन के रेट बढ़े तो परेशानी बढ़ेगी। वेतन उतना नहीं बढ़ता जितनी तेजी से महंगाई बढ़ रही है, इसलिए चिंता हो रही है।-अशोक, धारूहेड़ा।
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हम बाहर से काम करने आए हैं और खाना महंगा होता है तो दिक्कत होगी। पहले ही दाम बढ़े हुए हैं। कमाई का बड़ा हिस्सा खाने में चला जाएगा, जिससे घर पैसे भेजना मुश्किल होगा। -आयुष कुमार, धारूहेड़ा।
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