लोगों की ओर से बरती जा रही लापरवाही भारी पड़ती दिख रही है, यही कारण है कि करीब एक महीने पहले किए गए सीरो सर्वे में जहां संक्रमण की दर पांच प्रतिशत सामने आई थी, वहीं अब इसका आंकड़ा बढ़कर 10 प्रतिशत पर पहुंच गया है। अर्थात पहले प्रत्येक 20वां व्यक्ति संक्रमित होने के बाद खुद ठीक हुआ था, लेकिन अब प्रत्येक 10 व्यक्ति संक्रमित हो चुका है। पहले सर्व में 842 लोगों की जांच में 44 लोग संक्रमित मिले थे, वहीं इस बार 825 में 74 लोग संक्रमित होकर ठीक हो चुके हैं। वहीं एक माह के दौरान 8 लोगों की मौत भी हो चुकी है। 3 अक्तूूबर को जिले में 31 लोगों की मौत का आंकड़ा दर्ज किया गया था, जबकि तीन नवंबर को यह आंकड़ा 39 पर पहुंच चुका है। बीते तीन दिन की बात करें तो एक 90 वर्षीय बुजुर्ग ने दम तोड़ा, वहीं एक निजी अस्पताल में भर्ती 80 वर्षीय व्यक्ति की तबीयत बिगड़ने के बाद उसने रोहतक जाते समय दम तोड़ दिया। हालांकि इन दो मौत का ऑडिट होना अभी बाकी है। वहीं बीते 30 दिन के दौरान स्वास्थ्य विभाग की ओर से कुल 21568 सैंपल लिए गए, जिनमें से 2069 लोग संक्रमित मिल चुके हैं।
दूसरे सीरो सर्वे से स्पष्ट है कि कोराना संक्रमण बढ़ रहा है। इसका बड़ा कारण लोगों की ओर से बरती जा रही लापरवाही है। वहीं दूसरी ओर अब ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना तेजी से फैल रहा है। त्योहारी सीजन में ये आंकड़ा और ज्यादा बढ़ सकता है। बीते तीन दिन में दो मौत हो चुकी है, इनका ऑडिट भी नहीं हो पाया है।
-डॉ सर्वजीत थापर, पीएमओ नागरिक अस्पताल
कोरोना संक्रमण की चेन को तोडऩे के लिए सरकार व जिला प्रशासन द्वारा जारी की जा रही हिदायतों की पालना सुनिश्चित करें। दो गज की दूरी बनाए रखें, मुंह को मास्क से ढंककर रखें तथा अति आवश्यक होने पर ही घरों से बाहर निकलें, बार-बार हाथ धोते रहें, तभी हम कोरोना संक्रमण चेन को ब्रेक करने व कोरोना को मात देने में कामयाब होंगे।
डीसी यशेंद्र सिंह