हरियाणा के कैथल शहर को अपराध मुक्त बनाने के लिए जिला प्रशासन का शहर के मुख्य चौक और सार्वजनिक स्थानों पर सीसीटीवी लगाने की घोषणा मात्र घोषणा बनकर रह गई।
शहर के मुख्य चौराहों समेत रेलवे स्टेशन व बस स्टैंड पर भी सीसीटीवी नहीं लग पाए हैं। जिला प्रशासन की ओर से संबंधित अधिकारियों को बार-बार कैमरे लगाने के निर्देश दिए जाने के बावजूद इसका किसी प्रकार का असर दिखाई नहीं दिया है।
दिसंबर माह में नई दिल्ली में हुए गैंगरेप के मामले के बाद पुलिस और शहर के प्रमुख लोगों की अपराध नियंत्रण के लिए मीटिंग हुई थी।
जिला प्रशासन ने महिलाओं और छात्राओं को छेड़छाड़ की घटनाओं से बचाने और असामाजिक तत्वों पर नजर रखने केलिए शहर के प्रमुख 16 स्थानों पर सीसीटीवी लगाने की पहचान की थी।
इसमें पुलिस के प्रस्ताव के बाद नगर परिषद के सहयोग से शहर के करीब 16 प्रमुख स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के मंजूरी मिली थी। यह योजना अभी तक कोई साकार रूप नहीं ले सकी है।
महिलाओं, छात्राओं समेत सामाजिक संगठनों ने सीसीटीवी लगाने की योजना को जल्द ही मूर्त रूप देने की मांग की है।
शहर में बढ़ रहे आपराधिक मामले
जिले के विभिन्न गांवों से आने वाले छात्राओं व महिलाओं के साथ छेड़छाड़ और लूटपाट की घटनाएं बढ़ रही हैं। शहर के बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन पर जहां आपराधिक घटनाओं की सबसे अधिक आशंका रहती है।
यहां से करीब हजारों की संख्या में सुबह-शाम लोगों की आवाजाही होती है।
जिला उपायुक्त ने कई बार अधिकारियों की मीटिंग में सीसीटीवी लगाने के लिए निर्देश दिए हैं।
जिला उपायुक्त के आदेश के वाबजूद इन स्थानों पर अभी तक कैमरे नहीं लगे हैं।
स्कूल-कॉलेज जाते समय करते हैं छेड़छाड़
कॉलेज और स्कूल छात्राओं ने शहर के मुख्य स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने की मांग की है। कुछ छात्राओं ने नाम न बताने की शर्त पर बताया कि शहर के क्वालिटी चौक, हिंद सिनेमा चौक, पिहोवा चौक पर शरारती तत्व छेड़छाड़ करते हैं।
स्कूल व कॉलेज से घरों तक पीछा करते हैं।
छात्रा रश्मिी, सुमन, सोनिया, निशा, पिंकी, कविता ने बताया कि छात्राओं व महिलाओं से छेड़छाड़ की घटना को कम करने के लिए शहर के मुख्य स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे होने अनिवार्य हैं।
शहर वासी प्रेम सैनी, मुकेश अग्रवाल, संजीव चावला, हरपाल सिंह, विजय कुमार, रमेश, गुलाब सिंह, विनय कुमार, सत्यजीत, सुभाष कुमार ने बताया कि चौराहों पर सीसीटीवी लगवाए जाने से अपराधियों की पहचान करने और पकड़ने में मदद हो सकती है।
वहीं महिलाओं एवं छात्राओं से की जाने वाली छेड़छाड़ की घटनाओं पर भी अंकुश लग सकता है।
‘जिला पुलिस अधीक्षक के आदेशों के अनुसार शहर में सीसीटीवी लगने थे। पुलिस प्रशासन की ओर से उन कैमरों को लगवाया जाना था। अगर जिला पुलिस अधीक्षक नगर परिषद को कैमरे लगवाने के आदेश देते हैं तो परिषद की ओर से कैमरे लगवा दिए जाएंगे।
- रामनिवास मित्तल, चेयरमैन, नगर परिषद
‘सीसीटीवी कैमरे हेड ऑफिस की ओर से लगने हैं। जिला प्रशासन के आदेशानुसार हेड ऑफिस में राशि सहित लगने वाले कैमरों की संख्या भेज दी गई है। जल्द ही बस स्टैंड पर सीसीटीवी लग जाएंगेे।
- रामकुमार, जीएम, रोडवेज