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Panipat News: आहार विशेषज्ञ की रसोई में बनाया वैक्सीन स्टोर

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रसोई घर में रखे वैक्सीन के डिब्बे। संवाद
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- कुपोषित बच्चों और अन्य मरीजों को आहार के बारे में जानकारी देने में हो रही परेशानी
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स्वीटी सांगवान

पानीपत। जिला नागरिक अस्पताल में आहार विशेषज्ञ की रसोई को वैक्सीन स्टोर बना दिया है। रसोई को खाली कराने के लिए सीएमओ को चार बार पत्र लिखा गया लेकिन रसोई खाली नहीं हो पाई है। ऐसे में मरीजों के बैठने और उनको आहार के बारे में ठीक से जानकारी देने में दिक्कत हो रही है। स्थिति ऐसी है कि दो साल में 92 मरीज ही विशेषज्ञ तक पहुंच पाए हैं।
जिला नागरिक अस्पताल में हर सप्ताह 15 से 20 कुपोषित बच्चे इलाज के लिए आ रहे हैं। दो साल पहले आहार विशेषज्ञ की नियुक्ति की थी। ताकि मरीजों को आहार से संबंधित राय या समस्या का समाधान मिल सके। आहार विशेषज्ञ नेहा ने अपने कक्ष में उचित व्यवस्था और रसोई में पर्याप्त सुविधा के लिए अधिकारियों को पत्र लिखा। अधिकारियों ने रसोई में पर्याप्त सुविधा देना तो दूर इसमें वैक्सीन स्टोर बनाकर कब्जा जमा लिया है।
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आहार विशेषज्ञ को नियुक्ति के बाद लगभग नौ महीने तक तीसरी मंजिल पर पीएमओ के वीडियो कॉन्फ्रेंस हॉल में जगह दी गई फिर तीन महीने के लिए आपातकालीन वार्ड के पास। उसके बाद दो दिन ओपीडी में जगह दी गई। शुरुआती महीनों में आहार विशेषज्ञ को बैठने के लिए उचित कक्ष नहीं मिला। अप्रैल से वैक्सीन स्टोर के कमरा नंबर 1012 में जगह दी है लेकिन रसोई की सुविधा नहीं दी। संवाद

सप्ताह में पहुंच रहे 15 से 20 कुपोषित बच्चे



जिला नागरिक अस्पताल में प्रत्येक सप्ताह 15 से 20 कुपोषित बच्चे पहुंच रहे हैं लेकिन अस्पताल में रसोई की व्यवस्था नहीं है जिससे बच्चों को संतुलित व पौष्टिक आहार मिल सके। हाल में बच्चों को न्यूट्रिशियन की देख-रेख में खाना दिया जा रहा है। कुपोषित बच्चों को पोहा और मुरमुरा दूध में डालकर दिया जा रहा है। दूध, खिचड़ी, दलिया उनके आहार में शामिल है। यह अस्पताल में एक महिला द्वारा घर पर बनाकर दिया जाता है जो विभाग द्वारा नियुक्त की गई है।

रसोई घर होने से मरीजों को मिलेगी सुविधा



आहार विशेषज्ञ नेहा ने बताया कि रसोई घर में कुपोषित बच्चाें को पौष्टिक आहार बनाकर दिया जाता है। लिवर, शुगर, बीपी, किडनी के मरीजों को बीमारी के अनुसार फायदेमंद खाने की रैसिपी बताई जाती है। गर्भवतियों, बच्चे और आपातकालीन वार्ड में भी अलग-अलग मरीजों के लिए अलग-अलग आहार भेजा जाता है। रसोई न होने पर ये सब नहीं हो रहा है। वे इसके लिए चार बार पत्र लिख चुकी हैं।
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आहार विशेषज्ञ के लिए पहले रसोई की व्यवस्था थी। अब यहां वैक्सीन स्टोर बनने पर रसोई की व्यवस्था की जाएगी। अगले महीने होने वाली बैठक में इस विषय पर चर्चा की जाएगी। एमसीएच विंग शुरू होने से इस समस्या का समाधान भी हो जाएगा।

- डॉ. विजय मलिक, सीएमओ
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