पानीपत। श्री बालाजी प्रचार सेवा समिति की ओर से देवी मंदिर में चल रही 18वीं श्रीराम कथा अमृत वर्षा में सोमवार को तीसरे दिन श्रीराम और माता सीता का वाटिका में मिलन का प्रसंग सुनाया गया। इसे सुनकर श्रद्धालु आनंदित हो उठे। कार्यक्रम में मुख्यातिथि समाजसेवी वेद मित्तल और मुकेश बंसल रहे।
व्यासपीठ से विजय कौशल ने बताया कि माता सीता अपनी सखियों के साथ पुष्प वाटिका में भ्रमण के लिए गई थी। उसी समय वहां पर श्रीराम मुनि विश्वामित्र की आज्ञा से लक्षण के साथ पुष्प लेने के लिए पहुंचते हैं। जब श्रीराम को वाटिका में माता सीता ने देखा तो वह अपना सुध-बुध खो बैठीं। समिति के अध्यक्ष नरेश सिंगला ने बताया कि कथा के चौथे दिन मंगलवार को श्रीराम और माता सीता के विवाह का प्रसंग सुनाया जाएगा। कथा के बाद महिला मंडली ने भजन-कीर्तन किया, जिसमें महिलाओं ने भगवान राम के भजनों पर नृत्य किया। भंडारे की सेवा समाजसेवी राजकुमार सिंगला की ओर से की गई।