पानीपत। शहरी स्थानीय निकाय विभाग शहर में सफाई के लिए नया नियम लेकर आया है। इनको जल्द ही लागू किया जाएगा। इसके अनुसार शहर की सफाई तीन श्रेणी में रखी गई है। कॉमर्शियल क्षेत्र की सड़कों की सफाई हर रोज, आवासीय क्षेत्र में सप्ताह में दो बार और गैर आवासीय क्षेत्र में सप्ताह में एक बार सफाई होगी। इसके लागू होने पर शहर में नई व्यवस्था बनेगी। शहर में सफाई पर सौ कर्मचारियों के साथ एक ट्रैक्टर कूड़ा उठान के लिए लगाया जाएगा।
शहर को चार जोन में बांटकर दो कंपनियों को शहर में सफाई का ठेका दिया है। पिछले महीने हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण ने करीब सवा करोड़ रुपये का सफाई का ठेका एक अन्य फर्म को दिया है।
इनके साथ जेबीएम कंपनी को डोर-टू-डोर कूड़ा उठान का ठेका दिया है। नगर निगम कंपनियों को हर महीने करीब चार करोड़ रुपये की पेमेंट करता है। कंपनियों की सफाई पर शहरवासी संतुष्ट नहीं हैं।
इसके चलते हर सफाई पर हर बैठक में हंगामा होता है। हाउस की बजट और उसके बाद विकास कार्यों की बैठक में सफाई पर सबसे अधिक हंगामा हुआ। पार्षदों ने सफाई कंपनियों को कठघरे में खड़ा कर दिया। मेयर कोमल सैनी ने भी कंपनी की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए थे। उन्होंने व्यवस्था बेहतर न होने पर अगली बैठक में सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी थी।
कर्मचारियों के साथ वाहन भी बढ़ाएं
वार्ड-सात के पार्षद अशोक कटारिया ने बताया कि सफाई का नया नियम लागू होने पर ही इसके बारे में कुछ कहा जा सकेगा। फिलहाल इसमें 100 कर्मचारियों पर एक ट्रैक्टर लगाना नाकाफी होगा। इस पर तीन या चार ट्रैक्टर होने चाहिए। इससे कूड़ा उठान आसान होगा। वार्ड-21 के पार्षद संजीव दहिया ने बताया कि शहर में सफाई संतोषजनक नहीं है। नए नियम में ट्रैक्टर के साथ कर्मचारी की संख्या भी बढ़ानी चाहिए।
वर्जन :
निकाय विभाग ने शहरों में सफाई के नए नियम लागू किए हैं। इनको जल्द ही लागू किया जाएगा। इसमें किसी प्रकार की दिक्कत नहीं आएगी। शहरवासियों को किसी प्रकार की दिक्कत आएगी तो इस बारे में उच्चाधिकारियों को अवगत कराया जाएगा।
डॉ. पंकज यादव, आयुक्त, नगर निगम।