माई सिटी रिपोर्टर
पानीपत। साइबर ठगी के मामले में पुलिस की तफ्तीश में कई नए तथ्य सामने आए हैं। जांच में 10 से 15 नए खाते सामने आए थे। पुलिस ने उन सभी खातों की स्टेटमेंट बैंकों से तलब की है। सभी खातों में लेन-देन हुआ है। जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि साइबर ठगी की रकम 52 करोड़ रुपये से भी अधिक हो सकती है। उधर, पुलिस ने चार आरोपियों की रिमांड का समय पूरा होने पर सोमवार को अदालत में पेश कर जेल भेज दिया है। पुलिस अब तक छह आरोपियों को जेल भेज चुकी है।
पानीपत में फर्जी फर्म के नाम पर खाते खुलवाकर पांच माह में करीब 52 करोड़ रुपये की साइबर ठगी के मामले में पुलिस तफ्तीश में जुटी है। सोमवार को पुलिस टीम सभी बैंक खातों की डिटेल खंगालने के लिए बैंकों में पहुंची। खातों की शुरुआती जांच में पता चला है कि सभी खातों में काफी समय से लेन-देन चल रहा था। पुलिस ने अलग-अलग बैंकों से खातों की डिटेल और स्टेटमेंट मांगी है। बैंक अधिकारियों ने मुख्यालयों को फोन कर डिटेल देने के लिए अनुमति मांगी है। उधर, पुलिस ने सोमवार को रिमांड का समय पूरा होने पर आरोपी प्रमोद, धर्मेंद्र, सुनील, अंशुल को अदालत में पेश किया। जहां से अदालत से सभी को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
आरोपियों को अदालत में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। कुछ खातों की डिटेल बैंकों से मांगी गई है। जल्द इस मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी।