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घुटना टूटने से दो वर्ष खेल से रहीं दूर, तीन महीने पहले अभ्यास शुरू कर नेहा ने जीता पदक

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Stayed away from the game for two years due to broken knee, Neha won the medal by starting practice three months ago - फोटो : Panipat
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पानीपत। दो वर्ष पहले अभ्यास के दौरान गांव इसराना की रहने वाली नेहा जागलान का घुटना टूट गया था। दो वर्ष तक खेल से दूर रहीं और तीन पहले ही अभ्यास शुरू किया। नेहा ने खेल में वापसी की और राज्य स्तरीय चैंपियनशिप के डिस्कस थ्रो इवेंट में कांस्य पदक जीता।
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चोट से उभरने के बाद जोश से लबरेज 17 वर्षीय नेहा जागलान ने जूनियर कैटेगरी में सफलता हासिल की। जींद में आयोजित दो दिवसीय 5वीं सीनियर एथलेटिक्स चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीता। नेहा ने बताया कि सीनियर प्रतियोगिता में 20 वर्ष से ऊपर खिलाड़ी खेलते है लेकिन उन्होंने अपने तीन महीने के अभ्यास को परखने के लिए भाग लिया और पहले थ्रो में ही डिस्कस को 41 मीटर दूर फेंकने में कामयाबी मिली।
पानीपत में नहीं है व्यवस्था, अंबाला में कर रहीं अभ्यास
नेहा ने बताया कि 2017 में खेल की शुरुआत पानीपत के स्टेडियम से ही की थी। स्टेडियम में एक वर्ष तक न तो उसे कोई उपकरण मिला न ही सिखाने के लिए कोच। जिसके बाद उन्होंने रोहतक में अभ्यास करना शुरू किया। अब वह अंबाला में अभ्यास कर रही हैं। कोच प्रदीप मलिक उन्हें चार से छह घंटे अभ्यास करवा रहे हैं। अंबाला में भी वह निजी अकादमी में अभ्यास कर रही हैं। उनके पिता रविंद्र खेती करते हैं। अभी तक नेहा चार जूनियर नेशनल चैंपियनशिप में भाग ले चुकी हैं।
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विक्रांत मलिक ने जेवलिन थ्रो में जीता स्वर्ण पदक
वर्ष 2013 में जेवलिन थ्रो की शुरुआत करने वाले गांव उग्राखेड़ी निवासी विक्रांत मलिक जैसे ही नेशनल चैंपियनशिप तक पहुंचे, उन्हें 2014 में चोट लग गई। उन्होंने हिम्मत नहीं हारी और आज जेवलिन के बेहतरीन खिलाड़ी बनकर उभर रहे हैं। जींद में आयोजित चैंपियनशिप में विक्रांत ने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर स्वर्ण पदक जीता। विक्रांत मलिक की खास बात है कि अब सभी चैंपियनशिप में उन्होंने स्वर्ण पदक जीता है। इससे पहले मोदीनगर में आयोजित नेशनल एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 79.80 मीटर भाला फेंककर नया रिकॉर्ड बनाया था।

Stayed away from the game for two years due to broken knee, Neha won the medal by starting practice three months ago- फोटो : Panipat

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