ग्रामीण क्षेत्र में बढ़ते कोरोना संक्रमण को देखते हुए रविवार को जिला प्रशासन ने गांव राजाखेड़ी और कुटानी में लोगों के लिए राजा खेड़ी के सत्संग भवन में वैक्सीन कार्यक्रम आयोजित किया। लेकिन इसमें बाहर से करीब तीन हजार लोग वैक्सीन लगवाने के लिए पहुंच गए। कैंप में भीड़ बढ़ती ही चली गई और ग्रामीणों को वैक्सीन की एक डोज भी नहीं मिल पाई। जिसके बाद इस कैंप का विरोध कर इसे रद्द करवाया गया। तब तक बाहर से आए लोगों को स्वास्थ्य विभाग 191 वैक्सीन लगा चुका था।
गांव राजा खेड़ी निवासी एवं जिला पार्षद देव मलिक ने बताया कि उन्होंने जिला प्रशासन के सहयोग से दो गांव राजा खेड़ी और कुटानी के लोगों के लिए वैक्सीनेशन का कार्यक्रम आयोजित करवाया था। लेकिन सत्संग भवन के लोगों ने शहर से अपने रिश्तेदारों और पड़ोसियों को बुला लिया। अब यहां वैक्सीन के लिए रजिस्ट्रेशन तो अनिवार्य था, लेकिन अप्वांइटमेंट लेना अनिवार्य नहीं थी। इसलिए सुबह ही बाहर से करीब तीन हजार लोग मौके पर पहुंच गए और लॉकडाउन व सोशल डिस्टेसिंग के नियमों की जमकर फजीहत उड़ाई गई।
आज फिर लगवाएंगे कैंप
देव मलिक ने बताया कि वैक्सीनेशन कैंप के लिए एक हजार डोज मंगवाई गई थी। इसमें से बाहर के लोगों ने 191 डोज लगवा ली। अब सोमवार को कैंप गांव के ही सामुदायिक केंद्र में लगाया गया। इसमें बाकी की 809 डोज राजाखेड़ी और कुटानी के लोगों को लगवाई जाएंगी।