शहर के वार्ड तीन में समस्याओं को अंबार है। वार्ड निवासी कई बार समस्याओं को लिखित में वार्ड पार्षद और नगर निगम में दे चुके हैं। इसके बाद भी समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा। वार्ड की सड़कों पर गड्ढे ही गड्ढे हैं। इस ओर नगर निगम अधिकारियों का कोई ध्यान नहीं है। पार्षद का दावा है कि वार्ड तीन में काम हो रहा है। निवासियों का कहना है कि वार्ड में यदि कोई काम शुरू होता है तो वह सही तरीके से पूरा नहीं होता। इसका खामियाजा वार्ड में रहने वाले लोगों को भुगतना पड़ता है।
वार्ड निवासी बिट्टू बरेजा ने बताया कि नगर निगम सड़क बनाता है तो नालियां छोड़ दी जाती हैं। नालियां बनाता है तो सड़क नहीं बनाई जाती है। इससे कभी सड़क ऊंची तो कभी नालियां सड़क से ऊंची रह जाती हैं। इस वजह से घरों का गंदा पानी सड़कों पर भर जाता है। पानी भरने के कारण सड़कों की हालात खस्ता हो चुकी है।
वार्ड वासी कृष्णलाली सलूजा ने बताया कि वार्ड की गलियों में जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हुए हैं। सफाई कर्मचारी समय पर वार्ड में सफाई करने के लिए नहीं पहुंचते। इस कारण कारण वार्ड में हर ओर गंदगी फैली रहती है। वार्ड पार्षद से इस बारे में बार कहा जा चुका है। लेकिन, इसके बाद भी सफाई नहीं होती।
वार्ड निवासी सागर कपूर ने बताया कि वार्ड में लगभग सभी सीवरेज जाम पड़े हुए है। इस कारण शौचालय बैक मार जाते है। घर में दुर्गंध के कारण कई बार रहना तक मुश्किल हो जाता है। कई बार निगम को लिखित में सीवरेज समस्या की शिकायत दे चुके है। इसके बाद भी अधिकारियों का इस ओर कोई ध्यान नहीं है।
वार्ड निवासी मेयर सिंह ने बताया कि वार्ड की गलियों में कूड़ा कई दिनों तक ऐसे ही पड़ा रहता है। निगम से सफाई कर्मचारी आते तो हैं, लेकिन वह आधा कूड़ा ही उठाते है। आधे कूड़े को वहीं छोड़कर चले जाते हैं। इस कारण सारा दिन वार्ड की गलियों में गंदगी फैली रहती है। घरों में रहना मुश्किल हो गया है।
वार्ड निवासी सतीश कुमार ने बताया कि वार्ड में स्ट्रीट लाइट नहीं लगी होने से शाम होते ही गलियों और सड़कों पर अंधेरा छा जाता है। इस कारण रात के समय गलियों में आने जाने वालों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। कई बार इस संबंध मेें पार्षद से कह चुके है। लेकिन, कोई भी सुनवाई नहीं हो रही है।
वार्ड निवासी अमित भाटिया ने बताया कि वार्ड में सफाई कर्मचारी नहीं आते है। जिस कारण वार्ड में चारों ओर गंदगी फैली रहती है। गलियों में एक सप्ताह में एक बार ही झाडू़ मारने वाला आता है। वह भी आधी अधूरी मारकर जाता है। इस कारण वार्ड में रहने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
वार्ड निवासी हरपाल सिंह ने बताया कि वार्ड में पीने का स्वच्छ पानी नहीं आता है। इससे बीमारी फैलने का डर लगा रहता है। पानी ठीक नहीं आने से लोगों ने अपने घरों में प्यूरीफायर लगवाए हुए हैं। लेकिन, उनका भी करीब छह महीने में एक बार फिल्टर बदलवाना पड़ता है। कई बार चार महीने में ही फिल्टर बदलवाना पड़ता है।
वार्ड तीन में बहुत सी समस्याएं हैं। इस बारे में नगर निगम के अधिकारियों को समय-समय पर अवगत करवा दिया जाता है। इनमें से कुछ समस्याओं को समय रहते ही समाधान करा दिया गया है। लेकिन, कुछ समस्याएं जस की तस खड़ी हुई हैं।
हरीश शर्मा, पार्षद, वार्ड नंबर तीन