पानीपत में भाजपा की जिला परिषद की चेयरपर्सन ज्योति शर्मा ने सवा महीने की गहमागहमी के बाद बुधवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने वाइस चेयरमैन समेत 13 पार्षदों की मौजूदगी अविश्वास बैठक शुरू होने के पांच मिनट पहले अपना इस्तीफा उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया को सौंपा।
उपायुक्त ने इस्तीफा निदेशालय को भेज दिया है। अब जिला परिषद की चेयरपर्सन का दोबारा चुनाव होगा। इसमें छह महीने तक का समय लग सकता है। तब तक जिला परिषद का काम सीईओ देखेंगे।
चेयरपर्सन ज्योति शर्मा का इस्तीफा आने के बाद कांग्रेस और भाजपा के असंतुष्ट पार्षदों की अविश्वास प्रस्ताव लाने की तैयारी की धरी की धरी रह गई, हालांकि असंतुष्ट पार्षदों का कहना है कि उन्होंने इस्तीफा देने के बाद वोटिंग की बजाय हाथ उठाकर उनके विपक्ष में अविश्वास प्रस्ताव ला दिया था। उनकी तरफ से यह अविश्वास है। लोकसभा और विधानसभा चुनाव को लेकर प्रदेश में बिछी राजनीति की बिसात में इस्तीफे के बाद चर्चा का बाजार गर्म हो गया है।
उल्लेखनीय है कि जिला परिषद की चेयरपर्सन ज्योति शर्मा के खिलाफ 25 जनवरी को अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए 12 पार्षदों ने शपथ पत्र दिए थे। प्रशासन ने नौ फरवरी को अविश्वास प्रस्ताव के लिए बैठक बुलाई थी। उस दौरान उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया अवकाश पर चले गए थे।
पार्षद इसके बाद उपायुक्त से मिले थे और साथ ही हाईकोर्ट में याचिका भी दायर की थी। हाईकोर्ट ने छह मार्च को अविश्वास बैठक बुलाकर रिपोर्ट देने के आदेश जारी किया था। प्रशासन ने पूर्व निर्धारित समय पर बैठक तय की। बुधवार को जिला सचिवालय के प्रथम तल स्थित कॉन्फ्रेंस हाल में दोपहर बाद तीन बजे बैठक रखी।
जिप चेयरपर्सन ज्योति शर्मा और भाजयुमो के जिलाध्यक्ष बलविंद्र आर्य उपायुक्त कार्यालय पहुंचे। जिप चेयरपर्सन इस्तीफा अपने हाथ में लिए हुए थीं। जिला परिषद के वाइस चेयरमैन आर्य सुरेश मलिक समेत 13 पार्षद तीन बजे पहुंचे। पार्षदों को तलाशी लेने के बाद बैठक में शामिल होने दिया।
चेयरपर्सन बोली मैं बम लेकर बैठूंगी क्या?
चेयरपर्सन ज्योति शर्मा भारत माता का नारा लगाकर बैठक में गई। उनको यहां तलाशी के लिए रोक दिया गया। महिला पुलिसकर्मी उनको तलाशी के लिए ले जाने लगीं। चेयरपर्सन बोलीं कि मैं बैठक में बम लेकर बैठूंगी क्या? महिला पुलिसकर्मी की तलाशी के बाद उनको प्रवेश करने दिया गया। उन्होंने यहां बैठक में पहुंचे सभी 13 पार्षदों के अपने विरोध में पाया तो उन्होंने अपना इस्तीफा उपायुक्त डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया को दे दिया।
पांच की उपायुक्त के न मिलने के कारण छह को दिया इस्तीफा
चेयरपर्सन ज्योति शर्मा ने कहा कि पांच मार्च मंगलवार को उपायुक्त को इस्तीफा देने आई थी। उपायुक्त के न मिलने पर आज इस्तीफा दिया है। मैं इस तरह के कीचड़ की राजनीति में नहीं गिरती। कुछ पार्षद गन का लाइसेंस बनवाने और नौकरी लगवाने जैसे दबाव बना रहे थे। मैं मुख्यमंत्री मनोहर लाल को आदर्श मानते हुए खर्ची और पर्ची की राजनीति खत्म करने वाली पार्टी की कार्यकर्ता हूं। मैंने अपना इस्तीफा दिया है।
ज्योति शर्मा, निवर्तमान चेयरपर्सन, जिला परिषद पानीपत।
निदेशालय भेजा इस्तीफा
जिला परिषद के पार्षदों और हाईकोर्ट के आदेशों की पालन करते हुए जिला परिषद चेयरपर्सन के खिलाफ अविश्वास बैठक बुलाई थी। चेयरपर्सन ज्योति शर्मा ने बैठक होने से पहले अपना इस्तीफा दे दिया। पार्षदों ने इसके बाद अविश्वास लाने के लिए वोटिंग कराने से मना कर दिया। उनका इस्तीफा वीरवार को निदेशालय भेज दिया है। इसके आधार पर आगामी कार्रवाई की जाएगी।
-डॉ. वीरेंद्र कुमार दहिया, उपायुक्त, पानीपत।