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Panipat News: गुरु नानक देव जी के प्रकाश उत्सव पर निकाला नगर कीर्तन

Mon, 27 Oct 2025 01:29 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
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गुरु नानक देव जी के प्रकाश उत्सव पर कीर्तन करते ग्रंथी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
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पानीपत। गुरुद्वारा भाई लालो जी सिंह सभा पटेलनगर तहसील कैंप द्वारा श्री गुरुनानक देव जी के 556 वें प्रकाश उत्सव पर वार्षिक नगर कीर्तन का आयोजन किया गया। नगर कीर्तन में तहसील टाउन की प्रमुख धार्मिक एक सामाजिक संस्थाओं ने भाग लिया।
इस दौरान श्री गुरुनानक देव जी के उपदेशों को स्मरण किया गया। साथ ही सच की कमाई करने पर बल दिया गया।
प्रभात फेरी के रूप में निकाले गए इस नगर कीर्तन में इलाके के प्रमुख गुरुद्वारों तथा मंदिरों की प्रभात फेरियां शामिल हुई। इनमें गुरुद्वारा भाई लालो जी, गुरुद्वारा श्री गुरुनानक द्वारा, श्रीराम मंदिर, श्री हनुमान मंदिर फतेहपुरी चौक, गुरुद्वारा माया देवी जी, गुरुद्वारा फतेहपुरी, गुरुद्वारा बंदा सिंह बहादर, गुरुद्वारा कलगीधर सिंह सभा, श्री हनुमान मंदिर पटेल नगर, प्रेम मंदिर पटेल नगर, प्राचीन शिव मंदिर रामनगर, प्रेम मंदिर पटेल नगर, गुरुद्वारा भाई केसर सिंह, गुरुद्वारा रामगड़िया सिंह सभा, स्त्री सत्संग सभा गुरुद्वारा भाई लालो जी, गुरुद्वारा गुरु अर्जुन देव जी प्रमुख रूप से शामिल रहे।
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श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की छत्रछाया में निकाले गए इस नगर कीर्तन की अगुवाई पांच प्यारों ने की। नगर कीर्तन भाई लालो जी पटेल नगर चौक से सुबह 7.00 बजे आरंभ होकर तहसील टाउन के मुख्य मार्गों फतेहपुरी चौक, जट्टू चौक, भूल-भुलैया चौक, भावना चौक, दुष्यंत नगर, अशोक नगर, न्यू रमेश नगर, जवाहर नगर, भगत नगर और ग्रीन पार्क से होते हुए दोपहर लगभग 1.00 बजे गुरुद्वारा भाई लालो जी में संपन्न हुआ। नगर कीर्तन के रास्ते में जगह-जगह श्रद्धालुओं ने लंगर के स्टाल लगाए हुए थे। नगर कीर्तन की समाप्ति पर गुरुद्वारा भाई लालो जी में लंगर लगाया गया।


कौमी एकता के प्रतीक इस नगर कीर्तन का उद्देश्य श्री गुरुनानक देव जी के उन उपदेशों को याद दिलाना था जिसमें उन्होंने समस्त मानव जाति को एक ईश्वर की संतान बताते हुए सच की कमाई करने पर बल दिया था। वे एक निर्भीक एवं मानवता के सच्चे संत थे जिन्होंने बेईमानी, घूसखोरी, पाखंड तथा शोषण के खिलाफ आवाज उठाई थी। गुरु जी के उपदेश विश्व-शांति और सांप्रदायिक सद्भावना के लिए हमेशा सार्थक रहेंगे।
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इस नगर कीर्तन में सभी धार्मिक संस्थाओं के सदस्य तथा प्रधान मौजूद थे। इनमें प्रमुख रूप से सरदार बलदेव सिंह, सरदार कुलदीप सिंह, सरदार अमर सिंह, सरदार बलविंद्र सिंह, सरदार बलबीर सिंह, सरदार अवतार सिंह, सरदार भूपेंद्र सिंह, सरदार परविंद्र सिंह, सरदार तेजप्रताप सिंह, सरदार लखविंद्र सिंह आदि शामिल रहे।

गुरु नानक देव जी के प्रकाश उत्सव पर कीर्तन करते ग्रंथी।

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