पानीपत। गुरुद्वारा श्री गुरु रामदास सिंह सभा के प्रधान हरचरण सिंह धम्मू ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने सभा द्वारा संचालित श्री गुरु रामदास सिंह स्कूल के पूर्व चेयरमैन समेत अन्य कई लोगों पर काम न करने देने और उनको बदनाम करने के आरोप लगाए हैं। धम्मू ने अपनी और अपने परिवार की जान को खतरा भी बताया है। कहा कि कोई बात होने पर वह लोग जिम्मेदार होंगे। सभा ने पांच सदस्यीय अंतरिम कमेटी का गठन किया है। जो नए प्रधान तक काम करेगी।
गुरुद्वारा श्री गुरु राम दास सिंह सभा माॅडल टाउन की बैठक रविवार को गुरुद्वारा हुई। प्रधान हरचरण सिंह धम्मू ने सबके सामने पूरे मामले को रखा। उन्होंने बताया कि संगत ने नौ जून को उन्हें प्रधान पद की जिम्मेदारी सौंपी थी। उन्होंने गुरुद्वारे और सभा द्वारा संचालित स्कूल के लिए दिन-रात काम किया। इन सबके बाद भी उन पर आरोप लगाए गए। अब बात उनकी और उनके परिवार की सुरक्षा तक पहुंच गई है। वे इस माहौल में खुद को असुरक्षित महसूस करते हैं। ऐसे में प्रधान पद से इस्तीफा देते हैं।
श्री गुरु रामदास सीनियर सेकेंडरी स्कूल के चेयरमैन की जिम्मेदारी अवतार सिंह वाहला को दी गई थी। आरोप है कि उन्होंने कई सदस्यों के साथ मिलकर स्कूल में अपने मनमर्जी के फैसले चलाने शुरू कर दिए। गुरुद्वारा कमेटी के 21 में से 16 सदस्यों ने उनके खिलाफ 18 सितंबर को प्रस्ताव लाकर चेयरमैन पद से हटा दिया था। आरोप हैं कि अवतार सिंह वाहला इसके बाद भी कुर्सी पर बैठे हुए हैं। हरचरण सिंह धम्मू ने आरोप लगाया कि वे अन्य कई लोगों के साथ मिलकर उनकी बदनामी कर रहे हैं, जबकि सभा का लेखा-जोखा सबके सामने रखा जा चुका है। पैसे का हिसाब भी बराबर है। धम्मू ने दो दिन पहले उपायुक्त व पुलिस अधीक्षक को भी अपनी शिकायत दी थी। वहीं अवतार सिंह वाहला का कहना है कि वह संगत के फैसले के साथ हैं। कमेटी का पत्र मिलते ही चेयरमैन की कुर्सी छोड़ दी थी।
गुरुद्वारा साहिब के चुनाव अधिकारी प्रीतम सिंह सचदेवा ने पांच सदस्यीय अंतरिम कमेटी का गठन किया, जो अगला चुनाव होने तक गुरुद्वारा साहिब का प्रबंध संभालेगी। कमेटी में सुखविंदर सिंह, प्रीतम सिंह, कीरत सिंह, गुरविंदर सिंह बग्गा और इंदर पाल सिंह जुनेजा को शामिल किया है। संगत ने इस कमेटी को अपनी स्वीकृति दी।