जिले में ऑक्सीजन की किल्लत ने मरीजों और निजी अस्पताल संचालकों की चिंता बढ़ा दी है। जिले के कई निजी अस्पतालों ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि अगर उन्हें समय पर ऑक्सीजन की सप्लाई नहीं मिली तो अस्पताल को ताला लगाने पर मजबूर हो जाएंगे। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने सभी निजी अस्पतालों को मैसेज भेजकर शनिवार तक ऑक्सीजन उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है। ऑक्सीजन की कमी से इंडियन मेडिकल एसोसिएशन में भी रोष है। जिले को मांग के मुताबिक सिर्फ 50 फीसदी ऑक्सीजन ही मिल रही है। 10 मीट्रिक टन ऑक्सीजन की आवश्यकता है, लेकिन महज पांच मीट्रिक टन का कोटा ही पानीपत के लिए निर्धारित है, जिसमें निजी अस्पतालों के साथ ही सरकारी अस्पतालों की आपूर्ति भी शामिल है।
समय पर ऑक्सीजन, बेड और वेंटिलेटर नहीं मिलने से जिले में अब तक 22 लोगों की मौत होने की आशंका जताई जा रही है। ये मरीज निजी अस्पतालों में भर्ती थे। इनमें से 10 लोग दिल्ली के रहने वाले बताए जा रहे हैं। ये दिल्ली से पानीपत इलाज कराने के लिए आए थे, लेकिन यहां पर ऑक्सीजन बेड समय रहते नहीं मिले। ये वे लोग हैं, जो उन अस्पतालों में भर्ती थे, जिन्हें कोविड-19 के मरीजों का इलाज करने की अनुमति नहीं मिली थी और शवों को अंतिम संस्कार के लिए चुपके से श्मशान भेज दिया गया। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने ऑक्सीजन की कमी की वजह से किसी भी मरीज की मौत से इंकार किया है।
निजी अस्पताल संचालक पर केस दर्ज करने के लिए एसपी को लिखा पत्र
बरसत रोड पर द मेडिसिटी अस्पताल से स्वास्थ्य विभाग ने ऑक्सीजन के 50 खाली और भरे सिलिंडर वीरवार को पकड़े थे। अस्पताल संचालक पर ऑक्सीजन की कालाबाजारी करने का आरोप है। डिप्टी सिविल सर्जन ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि यहां पर ऑक्सीजन के 50 से अधिक सिलिंडर मिले हैं। सरकारी काम में अस्पताल के स्टाफ द्वारा बाधा डाली गई और उनके साथ बुरा बर्ताव किया गया। इसी रिपोर्ट पर सिविल सर्जन की ओर से एसपी को पत्र लिखकर अस्पताल संचालक पर कार्रवाई के लिए लिखा गया है।
प्रशासन की व्यवस्था ठीक नहीं है : डॉ. वेद प्रकाश
शुक्रवार को उपायुक्त से ऑक्सीजन की सप्लाई के लिए मिलना था, लेकिन वे मिल नहीं पाए। अस्पताल ऑक्सीजन के लिए धक्के खा रहे हैं। मरीज परेशान हैं। स्टाफ ऑक्सीजन एजेंसी के चक्कर काट रहा है। प्रशासन की व्यवस्था ठीक नहीं है। अब स्वास्थ्य विभाग की ओर से संदेश मिला है कि शनिवार सुबह तक ऑक्सीजन दे दी जाएगी।
-डॉ. वेद प्रकाश, प्रधान, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन पानीपत