अमर उजाला ब्यूरो
पानीपत। सीआईए-थ्री ने वाहन चोर गिरोह को डेढ़ साल पहले वाहन चोरी के आरोप में गिरफ्तारी किया था। गिरोह के सदस्यों ने छह माह पहले बेल पर बाहर आने के बाद फिर वाहन चोरी शुरू कर दी। सीआईए-थ्री ने दोनों आरोपियों को चोरी की इनोवा समेत दबोच लिया। दोनों आरोपी सोनीपत के रहने वाले हैं। आरोपियों को विकास नगर से चोरी गई इनोवा गाड़ी के साथ डाडोला मोड़ से पकड़ा गया है। उन्होंने गाड़ी चोरी कर गन्नौर रेलवे स्टेशन के नजदीक पार्किंग में खड़ी कर दी थी। पुलिस को सीसीटीवी में कैद एक आरोपी की शिनाख्त गर्दन पर गुदे टैटू से की।
सीआईए-3 टीम प्रभारी सब इंस्पेक्टर छबील सिह ने बताया की 23 जून की रात को थाना चांदनी बाग क्षेत्र के अंतर्गत विकास नगर से इनोवा गाड़ी चोरी र्र्हुई थी। पुलिस ने गाड़ी मालिक किरोड़ी निवासी विकास नगर की शिकायत पर केस दर्ज कर लिया था। सीआईए-3 की टीम ने आस-पास के एरिया में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की तो एक कैमरे में आरोपियों की फुटेज दिखी। इसमें एक आरोपी की अपनी गर्दन पर टैटू भी दिखा। इसके आधार पर आरोपी की पहचान सोमबीर निवासी शामड़ी जिला सोनीपत के रूप में हुई। इसके बाद सीआईए-3 की टीम उसे पकड़े की कोशिश शुरू कर दी। पुलिस को सोमवार देर रात को सूचना मिली की सोमबीर चोरी की इनोवा को यूपी में बेचने के लिए चौटाला रोड से होते जा रहा है। इसके बाद एएसआई अशोक कुमार के नेतृत्व में टीम गठित् कर दी गई। पुलिस टीम ने डाडोला मोड़ पर सभी इनोवा गाड़ियों पर निगरानी रखनी शुरू कर दी। इसी दौरान सोमबीर अपने दूसरे साथी अक्षय के साथ इनोवा गाड़ी से आता दिखा। पुलिस ने दोनों सेे गाड़ी के कागज मांगे तो वे नहीं दिखा सके। इस पर पुलिस ने दोनों को पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपियों ने कबूला कि उन्होंने इनोवा गाड़ी विकास नगर पानीपत से चोरी करने के बाद गन्नौर रेलवे स्टेशन के नजदीक एक पार्किंग स्टैंड में खड़ी कर दी थी। इसे यूपी में बेचने की फिराक में थे। सीआईए-3 प्रभारी ने बताया कि दोनों आरोपी करीब छह माह पहले बेल पर आए थे। दोनो के खिलाफ वाहन चोरी के पानीपत में 18 और सोनीपत में पांच मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस ने मंगलवार को आरोपी सोमबीर को न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत भेज दिया, जबकि दूसरे आरोपी अक्षय से वारदात में प्रयुक्त की गई स्विफ्ट कार बरामद करने के लिए एक दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है।