मासाखोरों को स्थायी ठिकाना देने के लिए नगर निगम वार्ड नंबर 9 के अंतर्गत आने वाले किला क्षेत्र के वाटर वर्क्स में नई सब्जी मंडी बनाने जा रहा है। इसके लिए निगम ने 99.60 लाख रुपये का टेंडर लगा दिया है। ये सब्जी मंडी सभी प्रकार की मूलभूत और अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस होगी। इसमें 185 मासाखोरों के बैठने का इंतजाम किया जाएगा।
उनके लिए छह बाई छह के स्टॉल रूपी थड़े बनाए जाएंगे। इनकी विशेष रूप से मार्किंग की जाएगी। इस मार्केट के ऊपर नई सब्जी मंडी की तर्ज पर शेड बनाया जाएगा जो मासाखोरों और उनकी फल, सब्जियों को सर्दी, गर्मी और बारिश के मौसम से बचाएगा। इसके अलावा इस मार्केट में शौचालय, सर्कुुलेशन एरिया, सब-वे, लाइट, निकासी, सीवर, पीने के पानी की भी व्यवस्था की जाएगी।
मार्केट के दोनों तरफ मेन गेट लगाए जाएंगे ताकि सब्जी क्रेताओं और विक्रेताओं को मार्केट में आने जाने में कोई परेशानी न हो। यहां पर बची हुई फलों और सब्जियों के निस्तारण के लिए भी प्रावधान बनाया जाएगा। वहीं, शेड के ऊपर एलईडी स्ट्रीट लाइट लगाई जाएंगी जिससे रात को सब्जी विक्रेताओं को अंधेरे में परेशानी का सामना न करना पड़े।
निगम अधिकारियों ने बताया कि इस मार्केट का कुल एरिया 1246 स्कवेयर मीटर है। इसमें से कवर्ड साइट का एरिया 669 स्कवेयर मीटर लिया गया है। इसके अलावा 577 स्कवेयर मीटर एरिया को सर्कुुलेशन के लिए रिजर्व किया गया है। यह एरिया इतना खुला है कि यहां मासाखोर समेत सब्जी खरीदने आने वाले लोग आराम से आ जा सकेंगे। अधिकारियों का कहना है कि इस प्रोजेक्ट की निगम ने ड्राइंग तक तैयार करवाई है। शहर के मांसाखोरों के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस ये सब्जी मंडी निगम की ओर से एक सौगात होगी।
अधिकारियों का कहना है कि इस प्रोजेक्ट का टेंडर लगाया जा चुका है, जो आठ जून को खुलेगा। टेंडर प्रक्रिया को तकनीकी और फाइनेंशियल चरण से गुजारने के बाद इसका वर्क ऑर्डर जारी किया जाएगा। वर्क ऑर्डर जारी होने के बाद इस प्रोजेक्ट को छह माह में पूरा कर लिया जाएगा।
सनौली रोड पुरानी सब्जी मंडी में बैठे मासाखोर वहां से शिफ्ट होकर इस सब्जी मंडी में आने का पहले ही विरोध कर चुके हैं। सब्जी मंडी शिफ्टिंग का उनका विरोध पहले भी काफी दिन तक चल चुका है।
बनेगी आधुनिक मंडी, लगाया टेंडर : रमेश कुमार
वाटर वर्क्स की पुरानी जगह पर निगम अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस सब्जी मंडी बनाने जा रहा है। इसका टेंडर लगाया जा चुका है। जल्द ही गुणवत्तापूर्वक इसका काम करवाया जाएगा।
रमेश कुमार, एसई, नगर निगम, पानीपत।