मतलौडा। मतलौडा क्षेत्र के सींक गांव में खंभे पर लाइन ठीक करते हुए करंट लगने से प्राइवेट व्यक्ति राजेश (40) नाम के की मौत हो गई। परिजनों ने बिजली निगम के एसडीओ, जेई और एसई समेत अन्य अधिकारियों पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं।
उनका आरोप है कि बिजली निगम का कर्मचारी उन्हें घर से बुलाकर ले गया और बिना सुरक्षा उपकरण के खंभे पर चढ़ा दिया। मतलौडा थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर एसई, एसडीओ और जेई समेत कई अन्य पर प्राथमिकी दर्ज कर ली है।
सींक गांव के महेंद्र मलिक ने बताया कि उनका भतीजा राजेश बिजली निगम में काम कर चुका था। कुछ वर्ष पहले उसने काम छोड़ दिया था। निगम के अधिकारी उससे निजी तौर पर काम कराते थे। उनके घर पर बुधवार को एक कर्मचारी आया और राजेश को अपने साथ ले गया। कर्मचारी ने राजेश को एंचरा खुर्द जाने वाली लाइन को ठीक करने के लिए खंभे पर चढ़ा दिया।
इसके लिए उसने शिकायत निवारण कर्मचारी, शिफ्ट अटेंडेंट, लाइनमैन, जेई, एसडीओ, एसई को भी इसकी जानकारी दी। कर्मचारी के कहने पर उसने लाइन ठीक करना शुरू कर दिया। इसी बीच करंट लगने से राजेश खंभे से नीचे गिर गया। वह गंभीर रूप से जख्मी हो गया। बिजली निगम के कर्मचारी ने उन्हें इसराना के एक अस्पताल में दिखाया। जहां से उन्हें नागरिक अस्पताल भेज दिया गया। राजेश की रास्ते में ही मौत हो गई। उनका आरोप है कि इसके पीछे बिजली निगम कर्मचारी की संयुक्त लापरवाही, आवश्यक सुरक्षा मानकों का पालन न करने और उचित सावधानी न बरतने के कारण हुई है।